चंडीगढ़। हरियाणा में यमुना के किनारे के शहरों में जारी परियोजनाओं और भविष्य में बड़ी परियोजनाओं की निगरानी होगी। इसके लिए टास्क फोर्स का गठन किया गया है। प्रत्येक दो सप्ताह में सभी परियोजनाओं की समीक्षा की जाएगी। साथ ही प्रदेश के सभी सीवरेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) और कॉमन एफ्लुएंट ट्रीटमेंट प्लांट(सीईटीपी) की निगरानी होगी।
मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी ने बुधवार को समीक्षा की। इसमें यमुना के किनारे वाले क्षेत्रों (कैचमेंट एरिया) में कड़ी निगरानी की आवश्यकता बताई। प्रदूषण नियंत्रण उपायों को मजबूती के लिए हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (एचएसपीसीबी) के चेयरमैन की अध्यक्षता में टास्क फोर्स गठित की गई है। टास्क फोर्स में उद्योग, जन स्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, सिंचाई, शहरी स्थानीय निकाय, हरियाणा शहरी विकास प्राधिकरण, फरीदाबाद महानगर विकास प्राधिकरण और गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण जैसे प्रमुख विभागों के प्रतिनिधि सदस्य होंगे।