- मुख्यमंत्री ने पंचकूला में विश्वविद्यालय परिसर के लिए निशुल्क भूमि की पेशकश की
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने राष्ट्रीय फोरेंसिक विज्ञान विश्वविद्यालय (एनएफएसयू) गांधीनगर के परिसर की स्थापना के लिए पंचकूला में निशुल्क भूमि की पेशकश की है। इस मामले में सीएम सैनी ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखा है। पत्र में सीएम ने परियोजना को जल्द मंजूरी देने का आग्रह किया है।
सरकार ने 15 नवंबर, 2022 को पंचकूला में एनएफएसयू परिसर स्थापित करने के लिए एक पत्र के माध्यम से केंद्रीय गृह मंत्रालय से अनुमति मांगी थी। यह प्रस्ताव एनएफएसयू गांधीनगर को भेजा गया था। इसके बाद एक समिति बनाई गई। समिति ने अगस्त महीने में पंचकूला में प्रस्तावित भूमि का निरीक्षण किया और केंद्रीय गृह मंत्रालय को अपनी रिपोर्ट सौंपी है।
गृह विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुमिता मिश्रा ने कहा कि राष्ट्रीय फोरेंसिक विज्ञान विश्वविद्यालय की स्थापना से नए आपराधिक कानूनों भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) से संबंधित मामलों में काफी सहायता मिलेगी। यह संस्थान छात्रों को आधुनिक फोरेंसिक तकनीकों और न्यायिक विज्ञान की शिक्षा प्रदान करेगा, जिससे वे कानून प्रवर्तन और न्यायिक प्रक्रियाओं में प्रभावी रूप से योगदान दे सकेंगे।
डॉ. मिश्रा ने बताया कि सरकार ने 9 अलग-अलग विज्ञान प्रभागों को मंजूरी दी है। फाेरेंसिक साइंस लैब (एफएसएल) के लिए आधुनिक उपकरणों की खरीद के लिए 68.70 करोड़ रुपये की राशि भी मंजूर की है। वहीं, नए आपराधिक कानूनों के मद्देनजर एफएसएल हरियाणा में स्वीकृत पदों की संख्या 351 से बढ़ाकर 599 और तैनात अधिकारियों की संख्या 167 से बढ़ाकर 342 तक की गई है। इनमें 257 नव सृजित पदों की भर्ती प्रक्रिया जारी है। इससे सजा दर 75% से अधिक हुई है।
28जेएनडी18-सीसीटीवी कैमरे में कैद हुए वारदात को अंजाम देने वाले बदमाश। संवाद
28जेएनडी18-सीसीटीवी कैमरे में कैद हुए वारदात को अंजाम देने वाले बदमाश। संवाद