चंडीगढ़। हरियाणा में यूनिफाइड पेंशन स्कीम (यूपीएस) लागू करने का कर्मचारी संगठनों ने विरोध जताया है। ऐसे में अब प्रदेश के कर्मचारियों और अधिकारियों की नाराजगी सामने आने लगी है।
कर्मचारी संगठनों का कहना है कि एनपीएस (न्यू पेंशन स्कीम) और यूपीएस कभी उनकी मांग नहीं रही, पहले एनपीएस और अब यूपीएस को जबरदस्ती थोपा जा रहा है। इसके विरोध में एक अगस्त को कर्मचारी काला दिवस मनाएंगे। साथ ही यह भी चेतावनी दी कि ओपीएस लागू न करने पर बड़ा आंदोलन शुरू किया जाएगा।
संघर्ष समिति के प्रदेश अध्यक्ष विजेंद्र धारीवाल ने रोष जताया कि सरकार स्वयं मान चुकी है कि एनपीएस कर्मचारियों की सामाजिक सुरक्षा को पूरा नहीं करती है। इसका प्रदेश का हर कर्मचारी पिछले कई सालों से विरोध करता आ रहा है और पुरानी पेंशन स्कीम की मांग कर रहा है।
एक अगस्त को कर्मचारी-अधिकारी काला दिवस मनाते हुए अपने कार्यस्थल पर काले कपड़े और काली पट्टी बांध अपना विरोध दर्ज करवाएंगे और सभी जिला मुख्यालयों पर यूपीएस के विरोध में रोष मार्च निकालकर उपायुक्त के माध्यम से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन दिया जाएगा।
बताया कि ओपीएस आंदोलन में प्रदेश के सभी कर्मचारी संगठनों सर्व कर्मचारी संघ, हरियाणा कर्मचारी महासंघ, हजरस, आरपीएसएस, हसला, सलाह, मास्टर वर्ग एसोसिएशन, क्लेरिकल एसोसिएशन वेलफेयर सोसाइटी, शारीरिक शिक्षक संघ, नर्सिंग स्टाफ एसोसिएशन आदि संगठन एकजुट होकर आंदोलन करेंगे।