भिवानी। यदि किसी मतदाता का नाम मतदाता सूची में शामिल है, लेकिन उसके वोटर कार्ड नहीं बने हैं तो उसे मायूस होने की कोई जरूरत नहीं है। भारत निर्वाचन आयोग ने 12 वैकल्पिक दस्तावेज निर्धारित किए हैं, जिनमें से कोई भी एक दस्तावेज दिखाकर मतदाता अपना वोट डाल सकता है।
जिला निर्वाचन अधिकारी महावीर कौशिक ने बताया कि विधानसभा चुनाव के लिए पांच अक्तूबर को मतदान होना है। मतदाता सूची में जिन व्यक्तियों का नाम दर्ज हैं, वही मतदान कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि मतदान के लिए मतदाता सूची में नाम दर्ज होना जरूरी है, ऐसे में सभी मतदाता अपने पोलिंग बूथ और मतदाता सूची में नाम देख लें। यह कार्य ऑनलाइन चुनाव आयोग की वेबसाइट और वोटर हेल्पलाइन एप से कर सकते हैं।
उन्होंने कहा कि यदि किसी मतदाता का नाम मतदाता सूची में दर्ज है, लेकिन उसके पास किसी वजह से वोटर कार्ड नहीं है तो उनको घबराने की जरूरत नहीं है, उसके भी अपना वोट डालने का अधिकार है।
चुनाव आयोग के नियमानुसार मतदाता परिचय पत्र के अलावा 12 वैकल्पिक फोटोयुक्त दस्तावेज दिखाकर मतदान कर सकेंगे। इन दस्तावेजों में आधार कार्ड, मनरेगा जॉब कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, भारतीय पासपोर्ट, फोटो सहित पेंशन दस्तावेज, केंद्र, राज्य सरकार, पीएसयू, सार्वजनिक लिमिटेड कंपनियों से कर्मचारियों को जारी किए गए फोटोयुक्त सेवा पहचान पत्र, बैंक, डाकघर से जारी फोटोयुक्त पासबुक, राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर के तहत आरजीआई से जारी स्मार्ट कार्ड, श्रम मंत्रालय की योजना के तहत जारी स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड, सांसदों, विधायकों, एमएलसी को जारी किए गए आधिकारिक पहचान पत्र और भारत सरकार के सामाजिक न्याय मंत्रालय से दिव्यांगजनों को जारी यूनिक आईडी शामिल है।