घरेलू कलह की वजह से कुएं में कूदकर अपनी जान देने का प्रयास करने वाली महिला ने रोहतक पीजीआई से छुट्टी मिलने के बाद सिटी पुलिस को बयान दिया। महिला ने सिटी पुलिस को दिए बयान में आरोप लगाया कि उसका इकलौता बेटा और उसकी बहू उसके साथ मारपीट करतेे है और रात को चार लाख रुपये मांगने लगे। इसी को लेकर उसके साथ मारपीट भी की गई थी। इसी वजह से उसने घर से चुपके से निकलकर बंसीलाल पार्क के पीछे खंडहर कुएं में कूदकर अपनी जान देने की कोशिश की थी। लेकिन दिनोद गेट पुलिस चौकी इंचार्ज देवेंद्र सिंह ने उसे बचा लिया।
सिटी पुलिस को दी शिकायत में हालुवास गेट क्षेत्रवासी महिला पार्वती ने बताया कि उसके दो लड़की व एक लड़का है। ये सभी शादीशुदा हैं और उसका पति बीमार चल रहा है, जो फिलहाल बिस्तर पर है। पार्वती ने आरोप लगाया कि 23 अगस्त की रात को उसका लड़का गोपाल और उसकी पुत्रवधू मंजू ने उसके साथ पैसों को लेकर झगड़ा किया और उसके साथ मारपीट की। उसने बेटे और बहू के सामने गुहार लगाई कि वह सुबह जैसे तैसे पैसों का इंतजाम कर ला देगी। उसके बेटे व बहू ने चार लाख रुपये नहीं देने पर उसे जान से मार देने की धमकी दी। इसके बाद वह डरी सहमी रही और अल सुबह अपने बेटे और बहू को सोता देख मौका पाकर घर से निकल कर बंसीलाल पार्क के समीप पुराने कुएं में कूद गई। उसे कुएं में गिरते समय आसपास के लोगों ने देखा होगा। इसी वजह से उसे समय रहते बचा लिया। महिला ने पुलिस से अपने बेटे और बहू के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है। अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद पार्वती अपनी बेटी सुनीता व दामाद के साथ उनके घर चली गई।
दिनोद गेट पुलिस चौकी इंचार्ज देवेंद्र सिंह ने बताया कि महिला पार्वती के बयान दर्ज किए जाने के बाद सिटी पुलिस ने आरोपी बेटे गोपाल व उसकी पत्नी मंजू के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज किया है।