बवानीखेड़ा। बड़सी मजरा समेत क्षेत्र के गांवों की मांगे पूरी न होने पर लोगों ने रोष प्रदर्शन कर नारेबाजी की। समस्या का समाधान 29 तक न होने पर हांसी-भिवानी मार्ग जाम करने की चेतावनी दी।
उल्लेखनीय है कि भिवानी से हांसी तक एनएचएआई की ओर से निर्माण कार्य करवाया जा रहा है। बड़सी मजरा पंचायत ने इंट्री एक्जिट, सर्विस रोड, खेतों के सिंचाई नाले, मिलकपुर, चोरटापुर, दुर्जनपुर, बड़सी गुजरान, बड़सी जाटान, ढाणा कलां, मेहंदा, अलखपुरा को जोड़ने वाले मुख्य मार्ग पर बन रहे पुल की ऊंचाई चार मीटर की जगह पांच मीटर करवाने बारे मांग रखी हुई है। इसको लेकर बड़सी मजरा पंचायत का धरना 2 मई से जारी है।
अभी तक स्थानीय विधायक ने नौ गांवों की जनता की मांग पर कोई सुध नहीं ली और ना ही धरना स्थल पहुंचे। मंगलवार को रवि आजाद, विकास सिसर, अम्बेडकर विचार मंच से गंगाराम श्योराण, जाटु खाप चौरासी से राजसिंह घणघस, अखिल भारतीय किसान सभा से राम अवतार, राजेश कुंगड़, वेदप्रकाश खेड़ी दोलतपुर, चांदीराम कुंगड़, संजय मेहंदा, पार्षद अमित औला, समाजसेवी प्रदीप चाहर दुर्जनपुर, प्रदीप औला, आजाद दलाल, निहाल सिंह नंबरदार दुर्जनपुर, अनिल औला, रोशन शेषमा ने धरने को संबोधित किया और कमेटी ने सर्वसम्मति से फैसला लिया कि सरकार व प्रशासन को 29 जुलाई तक का अल्टीमेटम दिया है। यदि 29 तक मांग नहीं मांगी तो बड़सी मजरा के सभी गांवों के किसान हांसी भिवानी मार्ग को बंद करने को मजबूर होंगे।
कस्बे में पानी की समस्या के लिए नगर पालिका निवर्तमान चेयरमैन ने किया नहर का दौरा
बवानी खेड़ा। कस्बे में पिछले तीन महीने से पीने की पानी की समस्या के लिए नपा निवर्तमान चेयरमैन रमेश काजल ने पार्षद व समाज सेवियों संग सुंदर नहर का दौरा किया। स्थिति देखकर संगठन मंत्री व जिला अध्यक्ष के माध्यम से मुख्यमंत्री तक शिकायत की। वहीं सिंचाई विभाग के कार्यकारी अभियंता ने बताया कि जितना पानी जूई नहर से भेजा गया। वह सारा खोला हुआ है।
ज्ञात होगा कि बवानीखेड़ा के प्रथम व द्वितीय जलघर की नाली व पाइपलाइन को एनएचएआई द्वारा क्षतिग्रस्त कर दिया और समय पर पूरा न करने के कारण इनके सुंदर नहर से कनेक्शन नहीं हो पाए। इसके चलते टैंकों में पानी नहीं पहुंच पाया। पानी की समस्या को लेकर नगर पालिका के पार्षद प्रतिनिधि जगदंबा महता, विकास महता, रामगोपाल सैनी सहित समाजसेवियों द्वारा बार बार निरीक्षण किया जा चुका है। लेकिन कोरे आश्वासनों के बावजूद भी जलघर तक पानी नहीं पहुंचा।
इस समस्या के समाधान के लिए मंगलवार को नपा निवर्तमान चेयरमैन रमेश काजल, हिम्मत सिंह, हनुमान पारासर ने मिलकर सुंदर नहर का मुआयना किया। सुंदर नहर में पानी इतना कम था कि जलघर तक पहुंचने वाले नाके तक पानी नहीं पहुंच पाया। इससे साफ जाहिर है कि जलघर इस बार भी खाली रहेंगे और लंबे समय तक कस्बा वासियों को अपनी जेबें ढीली करके खरीदकर अपनी प्यास बुझानी पड़ेगी। इस बारे में सिंचाई विभाग के कार्यकारी अभियंता जितेंद्र मान ने बताया कि सुंदर नहर में जूई नहर से पानी की सप्लाई छोड़ी जाती है। जो सप्लाई छोड़ी जाती है वह पूरी वितरित की जा रही है।