बवानीखेड़ा। क्षेत्र के गांव रतेरा में सात जुलाई की रात साजिश के तहत युवक सुरेंद्र पर जानलेवा हमला किया गया। हमले से पहले आरोपियों ने उसके मकान की बिजली आपूर्ति काट दी। जैसे ही सुरेंद्र पोल की तरफ बिजली जांचने गया पहले से घात लगाए बैठे छह युवकों ने उस पर धारदार हथियारों से ताबड़तोड़ हमला कर दिया। गंभीर रूप से घायल सुरेंद्र को पहले हिसार और फिर गुरुग्राम के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया जहां वह जिंदगी और मौत से जूझ रहा है। मंगलवार रात को पुलिस ने कार्रवाई करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। इनमें रतेरा गांव के चार युवक अरुण, मोनू, नरेश और जतिन इसके साथ ही मुझादपुर गांव के दो युवक विशाल व सावन शामिल हैं।
घटना उस समय हुई जब रतेरा निवासी सुरेंद्र के घर की अचानक बिजली चली गई। वह बाहर निकलकर बिजली के पोल के पास तारों की जांच करने गया। तभी छह युवकों ने अचानक उस पर हमला कर दिया। शोर और हलचल के बाद जब सुरेंद्र घर नहीं लौटा तो उसकी पत्नी शीला भी बाहर आई। पोल के पास पति को खून से लथपथ हालत में देख उसके होश उड़ गए। शीला ने शोर मचाया जिसके बाद पड़ोसी इकट्ठा हुए और मिलकर सुरेंद्र को पहले हिसार के एक निजी अस्पताल पहुंचाया गया। हालत गंभीर होने के कारण डॉक्टरों ने उसे गुरुग्राम के निजी अस्पताल रेफर कर दिया।
शीला की शिकायत पर पुलिस ने अज्ञात हमलावरों के खिलाफ मामला दर्ज किया और जांच शुरू की। जांच के दौरान गांव में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई और संदिग्धों से पूछताछ की गई।
बवानीखेड़ा थाना प्रभारी निरीक्षक ओमप्रकाश ने बताया कि गांव में ही पिछले कई दिनों से सुरेंद्र के साथ इन युवकों का किसी बात को लेकर मनमुटाव चल रहा था। उसी के चलते इसका बदला लेने के लिए इन सभी युवकों ने मिलकर सुरेंद्र पर जानलेवा हमला किया था। आरोपियों ने पहले बिजली पोल से सुरेंद्र के घर की सप्लाई काटी गई फिर जैसे ही वह बाहर निकला, उस पर घात लगाकर धारदार हथियारों से हमला कर दिया गया। सुरेंद्र के हाथ, पैर और सिर पर गंभीर चोटें आईं और वह मौके पर ही बेहोश हो गया।
थाना प्रभारी ने बताया कि बड़ी मशक्कत के बाद मामले की तह तक पहुंचकर आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। सभी आरोपियों को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड लिया जाएगा ताकि हमले की पूरी साजिश और अन्य संभावित संलिप्तताओं का पता लगाया जा सके। इसके साथ ही आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है कि कहीं वे अन्य किसी मामले में शामिल तो नहीं रहे। पुलिस का कहना है कि आपसी मनमुटाव की वजह से इस घटना को अंजाम दिया गया, जो अब हत्या के प्रयास में बदल चुकी है। गांव में इस घटना के बाद भय और आक्रोश का माहौल बना हुआ है।