भिवानी। जिले में अभी मानसून की दस्तक पूरी तरह नहीं हुई, लेकिन गांव चांग और खरक राजान में पहली ही बारिश ने जोहड़ों को ओवरफ्लो कर दिया है। नतीजतन, इन गांवों में बरसाती पानी का जमाव हो गया और पंचायतों को अपने स्तर पर पानी निकासी के इंतजाम करने पड़े।
गांव चांग में वार्ड नंबर 1, 2 और 3 में बने जोहड़ के ओवरफ्लो होने से हालात गंभीर हो गए। वार्ड नंबर एक में स्थित तालाब के पानी से करीब 100 घरों में दो से तीन फीट तक पानी भर गया, जिससे लोग अपने घरों में कैद होकर रह गए। पंचायत ने कई बार उच्च अधिकारियों को जानकारी दी, लेकिन जब कोई राहत नहीं मिली, तो ग्राम पंचायत ने अपने खर्च पर सिंचाई विभाग से पंप मोटर और पाइप लेकर पानी निकासी शुरू करवाई।
इसी तरह गांव खरक राजान में भी जोहड़ का पानी पहली बारिश में ही किनारे लांघता हुआ आबादी की ओर बढ़ गया। यहां सरपंच प्रतिनिधि प्रदीप कुमार ने खुद पहल करते हुए नाले के माध्यम से जोहड़ से पानी निकासी के इंतजाम किए। हालांकि, ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि यदि एक और बारिश हुई तो हालात फिर बिगड़ सकते हैं।
ग्रामीणों की मांग- जोहड़ों की सफाई से हो स्थायी समाधान
गांव चांग के रमेश, बाला, संतरा, सुनहेरी और कुलदीप समेत कई ग्रामीणों ने बताया कि हर साल बारिश में यही हालात बनते हैं। जोहड़ ओवरफ्लो होने से पानी घरों में घुस जाता है और लोग परेशान होते हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से तालाबों की समय रहते सफाई करवाकर स्थायी समाधान की मांग की है।
अधिकारी बोले- संसाधन पंचायतों को सौंपे, निकासी का जिम्मा उन्हीं का
सिंचाई विभाग की मैकेनिकल शाखा के कार्यकारी अभियंता नवीन देशवाल ने बताया कि विभाग जरूरत के अनुसार पंप मोटर और पाइप जैसी अस्थायी व्यवस्थाएं पंचायतों को मुहैया करवा रहा है। गांवों के जोहड़ों या आबादी में जलभराव की स्थिति से निपटने के लिए ग्राम पंचायतें अपने स्तर पर निकासी की व्यवस्था कर रही हैं।
अधिकारियों ने नहीं की सुनवाई
गांव चांग के वार्ड एक स्थित तालाब में अधिक वर्षा के कारण ओवरफ्लो की स्थिति बनी थी। अधिकारियों को समय रहते अवगत कराया गया, लेकिन कार्रवाई नहीं हुई। मजबूरी में पंचायत को खुद सिंचाई विभाग से मोटर और पाइप लेकर पानी निकालने की व्यवस्था करनी पड़ी। जल्द ही घरों से पानी पूरी तरह निकाला जाएगा।
- प्रदीप रंगा, सरपंच प्रतिनिधि, चांग
गांवों में पानी निकासी की जिम्मेदारी पंचायतों की
सिंचाई विभाग केवल संसाधन उपलब्ध करवा रहा है। गांवों में पानी निकासी की जिम्मेदारी पंचायतों की है, जो अपने स्तर पर इसे अंजाम दे रही हैं।
- नवीन देशवाल, कार्यकारी अभियंता, मैकेनिकल शाखा, सिंचाई विभाग, भिवानी