भिवानी। कभी खेतों में तो कभी वन विभाग की हरियाली की डाली-डाली आग से सुलग रहीं हैं। ताजा मामला भिवानी-तोशाम मुख्य मार्ग पर गांव बापोड़ा से बीरन के बीच का है। जहां सोमवार रात को सड़क किनारे पेड़ों में आग लग गई।
आग इतनी भीषण थी कि उसने सड़क किनारे खड़े वन विभाग के नंबरी पेड़ों को भी अपने आगोश में ले लिया। पेड़ों के तने से लेकर सिरे तक आग की लपटें पहुंच गईं। सुबह तक पेड़ों की जगह राख की ढेरी ही नजर आ रही थी। वन विभाग के अधिकारियों की प्रारंभिक जांच में मामला बिजली लाइन की शाॅर्ट सर्किट से उठी चिंगारी की वजह से माना जा रहा है, लेकिन जहां आग लगी थी, उसके आसपास कुछ पेड़ भी क्षतिग्रस्त दिखाई दिए थे, जिससे लड़की चोरी की आशंका भी जताई जा रही है। वहीं ये शरारती तत्वों की भी करतूत हो सकती है।
भिवानी-तोशाम मुख्य मार्ग पर गांव बापोड़ा से बीरन के बीच में सड़क के किनारे काफी हिस्से में हरे पेड़ जलकर खाक हो गए। वन विभाग के करीब आठ से दस पेड़ आग की चपेट में आए हैं, जिसमें कुछ पेड़ तो तने सहित ही राख की ढेरी में भी बदल चुके हैं। यहां पेड़ों के साथ आसपास की काफी दूर तक झाड़ियां भी आग की चपेट में आने से सफाचट हो चुकी हैं।
जिस जगह आग लगी है वहां आसपास खेतों में भी किसान अपनी फसल काट चुके हैं और कोई फसल अवशेष भी नहीं जलाए गए हैं। वन विभाग के अधिकारी इस हादसे की जांच कराने का भी दावा कर रहे हैं।
खेतों में फसल अवशेषों की आग भी झुलसा रही वन विभाग की हरियाली
फसल कटाई के बाद आम तौर पर किसान अपने खेतों में फिर से बिजाई के लिए जल्दी खेत तैयार करने के चक्कर में फसल अवशेषों को आग लगा रहे हैं। सड़कों के किनारे खेतों में लगाई गई आग वन विभाग की हरियाली को भी झुलासा रही है। क्योंकि खेतों की आग सड़क किनारे पेड़ों और झाड़ियों तक भी पहुंच रही है। इससे आसपास का वन आरक्षित क्षेत्र भी हरियाली से रहित हो रहा है।
भिवानी-तोशाम मार्ग पर पेड़ों की रात के समय आग लगने की सूचना पर संज्ञान लेते हुए मौके पर कर्मचारी पहुंचे हैं। प्रारंभिक जांच में आग बिजली के शाॅर्ट सर्किट से लगी सामने आई है, लेकिन फिर भी इसकी इस मामले की तहकीकात करा रहे हैं, अगर इसमें किसी की संलिप्तता पाई जाती है तो संबंधित पर कार्रवाई कराई जाएगी। -दीपक कुमार, रेंज ऑफिसर, भिवानी रेंज वन विभाग।