बवानीखेड़ा। कस्बे के पुर रोड पर बाबा बंदा बहादुर सामुदायिक केंद्र (कम्यूनिटी सेंटर) का निर्माण चार साल से किया जा रहा है। इसके निर्माण में सवा करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं। इसके लिए बनाए गए ढांचे में पिलर भी सीधे नहीं हो सके। ऐसे में नागरिकों को निर्माण कार्य पूरा होने का इंतजार है।
तत्कालीन मुख्यमंत्री मनोहर लाल करीब पांच साल पहले बवानीखेड़ा में बाबा बंदा बहादुर के कार्यक्रम में पहुंचे थे। उनके सामने कस्बावासियों ने बाबा बंदा बहादुर नाम से सार्वजनिक भवन बनाने की मांग रखी थी। तब मनोहर लाल ने मौके पर ही यह मांग मंजूर कर नगर पालिका के अधिकारियों को आदेश दिया था कि नपा ऐसी जगह का चयन करे, जहां भवन की स्थापना की जाए ताकि वहां क्षेत्र में होने वाले सार्वजनिक कार्य पूर्ण हो सकें।
उन्होंने सरकार की तरफ से सहायता राशि की भी घोषणा की थी। इसी कारण भिवानी-हांसी मुख्य मार्ग के पास ही पुर मोड़ पर करीब डेढ़ एकड़ जमीन में इस भवन का निर्माण कार्य शुरू हुआ था। तब इस कार्य की गति तेज थी। इसे देखकर लग रहा था कि यह भवन जल्दी बनकर तैयार हो जाएगा, लेकिन वहां कमरा बनाना तो दूर की बात इसकी चहारदीवारी तक नहीं बन सकी है।
यहां भवन को खड़ा करने के लिए पिलरों की स्थापना की गई थी। उनकी हालत भी बिगड़ने लगी है। भवन के नाम पर सिर्फ सीमेंट से बने पिलर खड़े दिखाई दे रहे हैं। रखरखाव के अभाव में चहारदीवारी पूरी न होने से लावारिस पशु अंदर घुसे रहते हैं।
भवन के लिए खाली पड़ी जगह में कंटीली झाड़ियां उग चुकी हैं। जब इस इस भवन की नींव रखी गई थी तो कस्बे के लोगों में उम्मीद थी कि अब उन्हें बरातघर बुक कराने के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा लेकिन लोगों की ये उम्मीद पूरी नहीं हो सकी। कस्बावासियों ने प्रशासन से इस निर्माण कार्य को जल्दी पूरा करने की मांग की है।
बाबा बंदा बहादुर सामुदायिक केंद्र पर करीब एक करोड़ रुपये का खर्च पूरा हो चुका है लेकिन पहले यह भवन डेढ़ एकड़ जगह में बनना था लेकिन बाद में जगह का दायरा बढ़ा दिया गया। इस कारण भवन को पूरा करने के लिए अतिरिक्त बजट की जरूरत है। इस भवन का काम पूरा करने के लिए 3.75 करोड़ के बजट की मांग का प्रस्ताव अधिकारियों को भेज दिया गया है। यह बजट पास होते ही निविदा लगा कर काम शुरू करवा दिया जाएगा। - विनय कुमार, सचिव, नगर पालिका, बवानीखेड़ा।