भिवानी। हरियाणवी गायक एवं अभिनेता दिलेर खरकिया की गाड़ी पर फायरिंग के मामले में एसटीएफ ने म्यूजिक प्रोड्यूसर जयजी से पूछताछ की। जयजी के मुताबिक 18 सितंबर को हिसार एसटीएफ उसे साथ ले गई थी और पूछताछ के बाद घर भेज दिया।
जयजी ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर बताया कि फायरिंग के अगले दिन भिवानी सीआईए ने उसे पूछताछ के लिए बुलाया था। इसके बाद एसटीएफ हिसार की टीम उसके घर पहुंची और साथ ले गई। जयजी के अनुसार पुलिस ने उसका मोबाइल जब्त कर जांच की तथा बैकग्राउंड और आपराधिक रिकॉर्ड भी खंगाला। उसके खिलाफ कुछ नहीं मिलने पर उसे छोड़ दिया गया।
गांव खरक में 17 सितंबर की रात दिलेर खरकिया की घर के बाहर खड़ी गाड़ी पर फायरिंग हुई थी। वारदात की जिम्मेदारी लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े अनिल पंडित ने ली थी। जयजी ने म्यूजिक इंडस्ट्री में पैसों के लेन-देन को लेकर खरकिया बंधुओं से विवाद होने का दावा किया है। उसने कहा कि इस संबंध में पुलिस को शिकायत दी थी लेकिन कार्रवाई नहीं हुई।
जयजी ने आरोप लगाया कि पांच सितंबर से वह मानसिक दबाव में है और शिकायत वापस लेने के लिए उसे धमकाया जा रहा है। उसने झूठे मामले में फंसाने की आशंका जताते हुए खुद और परिवार की सुरक्षा की मांग की। साथ ही कहा कि उसे या परिवार को नुकसान हुआ तो इसकी जिम्मेदारी दिलेर और केहर खरकिया की होगी। सदर थाना प्रभारी महाबीर सिंह ने कहा कि पुलिस जांच में इन आरोपों की कोई सच्चाई नहीं मिली है।
2023 से खरकिया बंधुओं के साथ काम कर रहा था जयजी
जयजी ने बताया कि वह 2023 से दिलेर और केहर खरकिया के साथ काम कर रहा था। अप्रैल में चार महीने की सैलरी एक साथ देने की बात हुई थी लेकिन पूरी रकम समय पर नहीं मिली। उसने प्लॉट की रजिस्ट्री के लिए भी पैसे मांगे थे। बाद में काम छोड़ने की बात पर कंप्यूटर में मौजूद म्यूजिक कंटेंट, सामान और पैसों के हिसाब को लेकर विवाद हुआ।
जयजी के मुताबिक केहर ने उस पर छह लाख रुपये बकाया होने और उसके गाने यूट्यूब पर चलाने का आरोप लगाया था। उसने कहा कि गाने उसे केहर ने दिए थे और मिक्स-मास्टर के काम का भुगतान समायोजित होना था। सामान के हिसाब के दौरान उसकी मैकबुक और टैबलेट गायब मिले। लोकेशन के आधार पर पुलिस रोहतक में अंकुर मकरोली के घर पहुंची जहां उसकी पत्नी ने मैकबुक पुलिस को दी।
जयजी का दावा है कि अंकुर ने पुलिस को बताया कि मैकबुक उसे केहर ने दी थी। इसके बाद जयजी ने एसपी भिवानी से मुलाकात की और उसकी शिकायत सदर थाना भिवानी भेजी गई। जयजी ने आरोप लगाया कि इसके बावजूद एफआईआर दर्ज नहीं की गई। डीएसपी अनूप ने बताया कि मामले की जांच एसआईटी समेत पुलिस की कई टीमें कर रही हैं।