भिवानी। बदलती जीवनशैली व भागदौड़ भरी जिंदगी में तनाव को कम करने के लिए लोग नशे को अपना रहे हैं। इसमें से तंबाकू भी लोग बड़े चाव के साथ प्रयोग कर रहे हैं। धूम्रपान करने से 16 तरह का कैंसर हो सकता है। यह कहना है सेवानितृत्त कैंसर विशेषज्ञ डॉ. डीके आहुजा का।
उन्होंने ने कहा कि धूम्रपान युक्त और धूम्रपान रहित तंबाकू दोनों ही मानव स्वास्थ्य के लिए समान रूप से हानिकारक हैं, जिससे हित धारकों और नीति निर्माताओं को तंबाकू को रोकने के लिए कदम उठाने चाहिए। अनुमान है कि भारत में नौ में से एक व्यक्ति को अपने जीवनकाल में कैंसर हो सकता है।
उन्होंने कहा कि कैंसर जागरूकता कार्यक्रम लोगों को तंबाकू सेवन के स्वास्थ्य जोखिमों और विभिन्न कैंसर से इसके मजबूत संबंध के बारे में शिक्षित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। भारत में तंबाकू के उपयोग से निपटने और कैंसर की दरों को कम करने के लिए निरंतर सार्वजनिक स्वास्थ्य हस्तक्षेप की आवश्यकता है।
-
तंबाकू के सेवन से नुकसान
फेफड़ों, मुंह, गले, पेट आदि का कैंसर होने की आशंका रहती है।
दिल की बीमारियां हो सकती हैं।
सांस, दमा व सांस फूलने की समस्या हो सकती है।
तंबाकू के सेवन से प्रजनन समस्याएं हो सकती हैं।