भिवानी। शहर में लीकेज से शहर की सड़कों की सेहत बिगड़ रही है। वाहनों पर चलने वाले भी हिचकोले खा रहे हैं। सीवर मैनहोल भी सड़कों से नीचे पड़ गए हैं, जिस कारण भी हादसों का खतरा है। नीचे पड़े ये सीवर तेज रफ्तार में आ रहे वाहन चालक को काफी नजदीक आने पर ही दिखाई देते हैं, जिससे वाहन असंतुलित होकर भी सड़क पर ही फिसलकर गिर रहे हैं, जिससे चालक की जान जोखिम में रहती है।
जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग और नगर परिषद की लापरवाही वाहन चालकों की जान पर भारी पड़ रही है। शहर के हांसी गेट से पटेलनगर की तरफ जाने वाले रास्ते पर चार से पांच सीवर मैनहोल सड़क से करीब डेढ़ फुट नीचे हैं। आसपास के लोगों ने सीवर मैनहोल के इन गड्ढों में ईंट या मलबा भी डाल दिया है। इसके बावजूद ये सीवर मैनहोल वाहन चालक के लिए काफी खतरनाक साबित हो सकते हैं। इससे परेशान लोगों का कहना है कि यहां हादसा होने पर विभागीय अधिकारी जिम्मेदार होंगे।
सड़क निर्माण के बाद जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग से काफी बार अनुरोध किया जा चुका है कि नीचे पड़ रहे सीवर मैनहोल को समतल कराएं लेकिन कई जगह ये सीवर मैनहोल हादसों की वजह बन सकते हैं, इस बारे में फिर से विभागीय अधिकारियों को अवगत कराएंगे। -भवानी प्रताप सिंह, चेयरपर्सन प्रतिनिधि, नगर परिषद, भिवानी।
जिन हिस्सों में सीवर मैनहोल संबंधी कोई शिकायत आती है, उसका निवारण कराया जा रहा है। सड़क निर्माण से पहले ही संबंधित एजेंसी को विभाग के समक्ष इसकी जानकारी और सूचना भी देनी अनिवार्य है ताकि समय रहते ऐसे सीवरमैन होल को सुरक्षित किया जा सके। -सुनील कुमार रंगा, कार्यकारी अभियंता, शहरी सीवरेज शाखा, जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग, भिवानी।