लोहारू में छाया अंधकार और बारिश के बीच गुजरते वाहन।
भिवानी। पश्चिमी विक्षोभ की वजह से अचानक बिगड़े मौसम में किसानों के अरमानों पर शुक्रवार दोपहर बाद आफत बरसी। जिलेभर की मंडियों में खुले आसमान के नीचे पड़ी करीब डेढ़ लाख क्विंटल सरसों बारिश में भीग गई। वहीं करीब 75,000 एकड़ भूमि में खड़ा गेहूं भी पसर गया। इसकी कटाई के लिए भी अब किसानों को अतिरिक्त खर्च झेलना पड़ेगा।
वहीं मंडियों में बारिश से बचाव के प्रबंधों की भी पोल खुल गई। बारिश से पहले तेज अंधड़ आया। जिसमें जिलेभर में ब्लैकआउट हो गया वहीं सड़कों के किनारे पेड़ और खेतों में बिजली पोली भी टूटे। जिलेभर में 10 से 15 मिमी बारिश दर्ज की गई। करीब डेढ़ घंटे तक हल्की बारिश का सिलसिला भी चला। जिलेभर में करीब साढ़े सात लाख एकड़ में किसानों ने फसल बिजाई की थी। इसमें करीब पौने तीन लाख एकड़ में सरसों और करीब ढाई लाख एकड़ में गेहूं की फसल बिजाई की थी। इसमें से अब भी करीब 75,000 एकड़ में किसानों ने गेहूं की फसल कटाई नहीं की थी।
तेज आंधी और बारिश से जनजीवन प्रभावित, पांच मिमी से अधिक बारिश हुई
लोहारू/कैरू/ढिगावा मंडी। मौसम विभाग की पूर्व अनुमान के चलते शुक्रवार दोपहर बाद मौसम के मिजाज बदल गए और दोपहर को धूल भरी आंधी का दौर शुरू आई। इस बाद झमाझम बारिश शुरू हो गई और करीब एक घंटे तक इलाके में रुक रुककर हुई बारिश ने मौसम खुशगवार बना दिया। तेज आंधी और बारिश से जनजीवन प्रभावित हो गया और पांच मिमी से अधिक बारिश हुई। लोहारू अनाज मंडी में जहां हजारों क्विंटल गेहूं और सरसों की फसल खुले आसमान के नीचे पड़ी है।