बहल। योग गुरु स्वामी रामदेव ने कहा कि व्यक्ति, समाज और देश के विकास के लिए उस देश के नागरिकों का शिक्षित व संस्कारवान होना जरूरी है। भारत देश का युवा मेहनती, ईमानदार व उर्जावान है। स्वामी रामदेव मंगलवार को बहल क्षेत्र के पातवान गांव में एक निजी कार्यक्रम में हिस्सा लेने आए थे।
उन्होंने कहा कि भारत देश का अतीत शौर्य, पराक्रम से भरा हुआ गौरवशाली रहा है। हमें देश की ताकत को बढ़ाने के लिए जाति, धर्म और भेदभाव से ऊपर उठकर एकजुटता से काम करना होगा। दो तरह के कानून होते हैं। एक देश का कानून और संविधान होता है जो चुने हुए जनप्रतिनिधि बनाते हैं। दूसरा भगवान का कानून और संविधान होता है। भगवान के कानून से ही जीवन चलता है। हमें यह मानना चाहिए कि हम एक ईश्वर की संतान है और वही हमारे मां, बाप है। रामदेव ने कहा कि वे अहीरवाल में एक ऐसा संस्कारी स्कूल बनाने जा रहे हैं, जहां 100 किमी से युवा शिक्षित होने आएंगे।
बच्चों को इस होक्के से दूर राखो भाई
पातवान के ग्रामीणों से स्वामी रामदेव ने ठेठ हरियाणवी में संवाद किया। उन्होंने कहा कि जब वे हेलीपैड से आ रहे थे तो बीच रास्ते में लोगों ने हाथों में हुक्के उठा रखे थे। कहे, बाबा राम, राम। देखो भाइयो, माना आपको इसकी लत लग चुकी है। बच्चों को इस होक्के से दूर राखो भाई। या आच्छी चीज ना है। स्वामी रामदेव ने पातवान गांव में कार्यक्रम आयोजक राम सिंह के घर की छत पर जाकर खेतों में लहलहाती हुई सरसों को निहारा और कहा कि वास्तव में ग्रामीण अंचल में ही असली भारत बसता है।