भिवानी। गांव बड़सी गुजरान में छह गोलियां लगने से गंभीर रूप से घायल शराब ठेकेदार ने हिसार के निजी अस्पताल में उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस ने इस संबंध में मृतक के भाई की शिकायत पर चार-पांच अज्ञात हमलावरों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया है। वहीं, वारदात के 72 घंटे बाद भी पुलिस हत्या के आरोपियों का सुराग नहीं लगा पाई है। शव का हिसार में बवानीखेड़ा पुलिस ने पोस्टमार्टम करा परिजनों को सौंप दिया है।
सोमवार रात करीब 10.30 बजे कार सवार करीब छह युवकों ने गांव बड़सी गुजरान निवासी निवासी सुरजीत (32) के घर में घुसकर फायरिंग कर दी थी। इस हमले में सुरजीत के हाथ, पेट, जांघ और पैर में करीब छह गोलियां लगी थी। परिवार के सदस्यों ने उसे तुरंत हिसार के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। चिकित्सकों ने ऑपरेशन कर उसके शरीर से छह गोलियां निकाली।
चिकित्सकों के अनुसार सुरजीत की ऑपरेशन के बाद ही हालत नाजुक बनी हुई थी। मृतक के भाई संदीप ने बताया कि उसके भाई के रोहतक के सीसर और भिवानी जिले के गांव सागवान में शराब ठेके चल रहे हैं। संदीप की शिकायत पर बवानीखेड़ा पुलिस ने पहले करीब पांच छह अज्ञात हमलावरों के खिलाफ हत्या के प्रयास का केस दर्ज किया था। शराब ठेकेदार सुरजीत ने बुधवार शाम को उपचार के दौरान दम तोड़ दिया। वीरवार को बवानीखेड़ा पुलिस के जांच अधिकारी एसआई राजबीर सिंह ने हिसार में सुरजीत के शव का पोस्टमार्टम कराकर उसे परिजनों को सौंप दिया।
तालू शराब ठेके पर चली गोली में चार अज्ञात हमलावरों पर केस दर्ज
गांव तालू में शराब ठेका के बाहर बैठे कारिंदे पर गोली चलाने के मामले में सदर पुलिस ने चार अज्ञात हमलावरों के खिलाफ केस दर्ज किया है। शराब ठेके के सेल्समैन संदीप की शिकायत पर सदर पुलिस ने केस दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। फिलहाल हमलावरों के बारे में पुलिस के हाथ अभी तक कोई सुराग नहीं लगा है।
शराब ठेकेदारों की आपसी रंजिश का तो नही है नतीजा
बड़सी गुजरान में शराब ठेकेदार और तालू में शराब ठेके पर हुई फायरिंग की घटनाओं को शराब ठेकेदारों की आपसी रंजिश से भी जोड़कर देखा जा रहा है। हालांकि अभी तक शराब बिक्री को लेकर कोई रंजिश सामने नहीं आई है। तालू का शराब ठेका 12 जून को ही खुला था, जबकि इससे पहले यहां दूसरा ठेकेदार कारोबार करता था। इसी तरह बड़सी गुजरान के शराब ठेकेदार सुरजीत के भी रोहतक और भिवानी में शराब ठेके थे। ऐसे में शराब ठेकेदारों की आपसी रंजिश में ये वारदात हुई हैं तो पुलिस के लिए इन्हें समय रहते रोकना बेहद जरूरी हो गया है। क्योंकि इस खूनी खेल का कोई अंत नहीं है।
गोली लगने से गंभीर रूप से घायल सुरजीत की इलाज के दौरान मौत हो गई है। वीरवार को हिसार में शव का पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया। इस संबंध में अज्ञात हमलावरों के खिलाफ हत्या का केस दर्ज किया गया है। पुलिस की विभिन्न टीमें आरोपियों की तलाश करने में जुटी है।
-एसआई राजबीर सिंह, जांच अधिकारी बवानीखेड़ा पुलिस थाना।