मीडिया सेंटर भिवानी में विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस पर मौजूद सीजेएम कपिल राठी व अन्य।
भिवानी। विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस के उपलक्ष्य में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के चेयरमैन कम जिला एवं सत्र न्यायाधीश दीपक अग्रवाल के मार्गदर्शन में मीडिया सेंटर में प्रेस संबंधित कानूनी जागरुकता सेमिनार का आयोजन किया गया। सेमिनार में सीजेएम कपिल राठी ने बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की।
सीजेएम ने कहा कि प्रजातंत्र की मजबूती में प्रेस की अहम भूमिका होती है। उन्होंने पत्रकारों को विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि भारत विविधताओं का देश होते हुए भी निरंतर उन्नति कर रहा है। संविधान के अनुछेद 19 में नागरिकों को अभिव्यक्ति की आजादी दी गई है। इसमें प्रत्येक नागरिक अपने विचार प्रकट करने के लिए स्वतंत्र है। मीडिया आमजन से अलग नहीं बल्कि पहले स्थान पर है।
उन्होंने कहा कि स्वतंत्र पत्रकारिता भी एक चुनौती है। लेकिन न्याय पालिका हर समय आमजन की तरह मीडिया के अधिकारों की रक्षा करती है। जब-जब मीडिया पर किसी प्रकार की आंच आई है, तब-तब न्याय पालिका ने मीडिया को सुरक्षित माहौल प्रदान किया है। मीडिया को किसी सीमा में बांधा नहीं जा सकता। मीडिया समाज का आईना है जो व्यवस्थाओं की खामियां सामने लाता है, जो जरूरी है। उन्होंने कहा कि खबरों में विश्वसनीयता और निष्पक्षता बहुत जरूरी है।
सीजेएम ने कहा कि जिला की मीडिया सकारात्मक ढंग से अपनी भूमिका अदा कर रही है। इसमें डीएलएसए द्वारा चलाए जा रहे कानूनी जागरुकता शिविरों को आमजन तक पहुंचाना में भी अहम रोल अदा कर रही है। पत्रकार डीएलएसए से उनके अधिकारों के बारे में किसी भी समय जानकारी ले सकते हैं।
कार्यक्रम में पैनल अधिवक्ता नरेंद्र मोहन शर्मा ने कहा कि मीडिया को पेड न्यूज से दूर रहना चाहिए। एक-तरफा व पक्षपात पूर्ण खबर लिखना ही मीडिया के लिए परेशानी का सबब बनती हैं। पत्रकारों को चाहिए कि वे दबे हुए व्यक्ति की आवाज उठाएं ताकि वे अपने हकों से वंचित न रहें। इस दौरान पत्रकारों ने भी अपने-अपने अनुभव सांझा किए। अजय मल्होत्रा व इंद्रवेश ने भिवानी मीडिया की तरफ से सीजेएम राठी का आभार प्रकट किया। उन्होंने कहा कि यह डीएलएसए द्वारा विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस पर मीडिया के लिए कानूनी जागरूकता सेमीनार का आयोजन करना बड़ी ही अच्छी पहल है। ऐसे सेमीनार से पत्रकारों का हौंसला बढ़ता है। इस दौरान डीएलएसए से उप अधीक्षक कमलजीत सिंह, कोऑर्डिनेटर दिनेश कुमार, अधिवक्ता अर्चना शर्मा, सुमित तंवर मौजूद रहे।