बुधवार को हुई ओलावृष्टि के बाद वीरवार शाम को भिवानी, जूई, बहल क्षेत्र के दर्जनभर गांवों में हलकी ओलावृष्टि हुई। भिवानी-जूई क्षेत्र में करीब 20 फीसदी तक नुकसान आंका जा रहा है। आधिकारिक पुष्टि कृषि विभाग के निरीक्षण के बाद ही होगी। बहल क्षेत्र में बुधवार को हुई बारिश से भी नुकसान हुआ था और वीरवार को भी ओलावृष्टि से नुकसान हुआ। वहीं शाम के समय भिवानी सहित सभी ब्लॉकों में तेज बारिश हुई। भिवानी में 10 एमएम बारिश दर्ज की गई। रात को भी सभी ब्लॉकों में आठ से 12 एमएम तक बारिश हुई। ओलावृष्टि से जहां किसान चिंतित है, वहीं बारिश फसलों के लिए बेहतर है। मगर किसानों का कहना है कि बुधवार को हुई ओलावृष्टि ने ही फसल को बर्बाद कर दिया।
बुधवार शाम को बहल-तोशाम, लोहारू क्षेत्र के गांवों में ओलावृष्टि से फसलों में भारी नुकसान हुआ था। रात को भी भिवानी समेत लगभग सभी ब्लॉकों में बारिश हुई। सुबह भी आसमान में बादल छाए रहे मगर दोपहर के समय धूप खिलने से राहत मिली। शाम करीब साढ़े पांच बजे अचानक फिर मौसम बदला और आसमान में बादल छा गए। करीब सवा पांच बजे तेज बारिश शुरू हुई जो पौना घंटा तक चली। भिवानी, जूई और बहल क्षेत्र के करीब दर्जनभर गांवों में हलकी ओलावृष्टि हुई। बहल के बहल, सोरडा जदीद, सोरड़ा कदीम, मिट्ठी, मतानी, मोरका में, भिवानी, जूई, लालावास आदि गांवों में हलकी ओलावृष्टि हुई। भिवानी, निनान, कोट, उमरावत, बड़ाला, सांगा, तिगड़ाना, धनाना, धारेडू, चांग, खरक, दिनोद, बापोड़ा, लालावास, पोहकरवास, ढाबढाणी, चंदावास, जूई, बिजलानाबास, ढांगर, गोलागढ़, कुड़ल, कुड़लवास के अलावा तोशाम, बवानीखेड़ा, लोहारू आदि क्षेत्र आदि गांवों में बारिश हुई।
कहां कितनी बारिश
क्षेत्र रात को बारिश वीरवार शाम को बारिश
भिवानी 08 एमएम 10 एमएम
बवानीखेड़ा 12 एमएम 10 एमएम
लोहारू 04 एमएम 10 एमएम
तोशाम 10 एमएम 08 एमएम
सिवानी 10 एमएम 10 एमएम
बहल 05 एमएम 09 एमएम
मंत्री जी, राम जी न सारे करे कराए पर पाणी फेर दिया
मंत्री जी, राम जी नै सारे करे कराए पर पाणी फेर दिया। देखो, फसलां का के हाल मचाया सै। पकी पकाई फसल का दस मिनट में सत्यानाश कर दिया। ईब म्हारे कन्नै किमे कोनी बचया सै। थामी ही जै किमी मदद करवा द्योगे तो जीवते रह जावांगे। नहीं, तो मरण में कोई कमी बाकी नहीं सै। चणा, सरसम, गेहूं किसे भी फसल में एक दाणा भी बाकी कोनी बचया सै। बहल क्षेत्र में बुधवार को हुई ओलावृष्टि के बाद जब वीरवार को कृषि मंत्री जयप्रकाश दलाल किसानों के बीच गए तो किसानों ने इस तरह से अपना दुखड़ा बयान किया।
किसानों की सुनते हुए मंत्री जयप्रकाश दलाल ने कहा कि आघात बहुत गहरा है। पर, भगवान की मर्जी पर किसी का जोर नहीं। लेकिन, किसी भी किसान भाई को न घबराने की जरूरत, न डरने की। यह नुकसान किसान का नहीं हुआ है, यह प्रदेश सरकार का नुकसान है। जिन किसानों ने बीमा योजना के तहत बीमा करवाया है, उनको क्लेम बीमा कंपनी देगी। और, जिन किसानों ने बीमा नहीं करवाया है उनको मुआवजा प्रदेश सरकार देगी। इस बारे में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को विशेष गिरदावरी करने का आदेश जारी कर दिया है जिस पर काम भी शुरू हो गया है। सात मार्च को कैरू रैली में भी मुख्यमंत्री के समक्ष जल्द मुआवजा देने की मांग रखेंगे।
कृषि मंत्री ने वीरवार को सिधनवा, गोपालवास, हरियावास, मंढोली कलां, मिठी, मतानी, मोरका, गरवां ,सेरला, बिधनोई गांवों में प्रभावित फसलों का निरीक्षण किया और किसानों से बातचीत की। उनके साथ एसडीएम जगदीश चंद्र, उपनिदेशक पीके सभ्रवाल, तहसीलदार योगेश कुमार, मंडल प्रधान रविन्द्र मंढोली, सरपंच गजानंद अग्रवाल, कर्मबीर चैहड़िया, टोनी बराला, चेयरमैन राजीव श्योराण, चेयरमैन अनिल झाझड़िया, अरूण खरखड़ी, शैली मंढोली, देवेन्द्र ओबरा, सतपाल सरपंच आदि मौजूद रहे।