बवानीखेड़ा। दिव्यांगजन आयोग के आयुक्त राजकुमार मक्कड़ ने कहा कि सभी दिव्यांगों को यूडीआईडी कार्ड बनवाना जरूरी है, तभी उन्हें प्रदेश सरकार द्वारा लागू की गई विभिन्न योजनाओं का सीधा लाभ मिलेगा। आयुक्त ने कहा कि इसके लिए 31 दिसम्बर 2022 तक यूडीआईडी कार्ड जरूर बनवा लें।
आयुक्त ने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा बहुत सी स्कीमें दिव्यांगजनों के लिए चलाई जा रही हैं और इस कार्य में संस्थाएं भी आगे आकर सहयोग करें। दिव्यांगजन आयुक्त सोमवार को बवानीखेड़ा स्थित विश्राम गृह में आयोजित दिव्यांगजन जागरूकता शिविर में उपस्थित लोगों को बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहे थे। कार्यक्रम की अध्यक्षता नगरपालिका के प्रधान रमेश काजल ने की।
दिव्यांगजन आयोग के आयुक्त राजकुमार मक्कड़ ने कहा कि खेद की बात है कि पश्चिमी सभ्यता के प्रभाव से आज हम अपनी सभ्यता एवं संस्कार को भूल गए हैं, हमारी संस्कृति में समस्त मानव जाति व प्राणियों की सेवा करना सर्वोपरि है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा विभिन्न योजनाओं के तहत दिव्यांगों को सीधा लाभ दिया जा रहा है, जिससे दिव्यांग समाज की मुख्य धारा में शामिल हो रहे हैं।
राज्य आयुक्त राजकुमार मक्कड़ ने कहा कि सरकार के साथ-साथ समाज के प्रबुद्ध लोगों को भी दिव्यांगों की सेवा के लिए आगे आना चाहिए। आयुक्त ने बताया कि प्रदेश सरकार ने एसिड अटैक से प्रभावित को भी दिव्यांग माना है। उन्होंने कहा कि दिव्यांगजनों को पढ़ाई का पूरा अधिकार है। इसके लिए सरकार ने कारगर कदम उठाए हैं। उन्होंने कहा कि पहले विभिन्न सात प्रकार के दिव्यांगजन माने गए थे, प्रदेश सरकार ने वर्तमान में 21 प्रकार की दिव्यांगता को स्वीकार किया है।
उन्होंने कहा कि सभी दिव्यांगजनों को यूडीआईडी कार्ड बनवाना जरूरी है, तभी उन्हें विभिन्न योजनाओं का सीधा लाभ मिलेगा। आयुक्त ने कहा कि कोई भी दिव्यांगजन अपनी समस्या आनलाइन कर सकता है। दिव्यांगजन आयुक्त का नगरपालिका प्रधान रमेश काजल, पार्षद रामगोपाल सैनी सुभाष शर्मा, रामपुरा बलियाली से संदीप, जगन्नाथ महता, सुखबीर बलियाली, हिम्मत तंवर, घनश्यामदास ने स्वागत किया।