फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Bhiwani News: लेन-देन में धोखे से क्षुब्ध ग्रामीण ने टैंक में कूदकर दी जान

Wed, 26 Jun 2024 12:51 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
विज्ञापन
विज्ञापन
तोशाम। गांव सरल निवासी एक व्यक्ति ने लेन-देन में धोखे से क्षुब्ध होकर टैंक में कूदकर जान दे दी। सुसाइड नोट के हवाले से कई लोगों पर ऑनलाइन गेमिंग एप से भुगतान और नौकरी लगवाने के नाम पर भी धोखाधड़ी का आरोप लगाया गया है। चंडीगढ़ निवासी दंपती पर भी उकसावे का आरोप है।
विज्ञापन


गांव सरल निवासी राजेश ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि मंगलवार को उनके भाई रमेश कुमार का शव घर के पास पानी के टैंक से बरामद हुआ है। इससे पहले 24 जून की रात करीब 10:30 बजे वह एक सुसाइड नोट लिख गया था। इसमें लिखा है कि सरल निवासी अंशु ने होटल और रेस्तरां के नाम से एसबीआई की तोशाम शाखा में एक चालू खाता खुलवाया था।
सुसाइड नोट के मुताबिक गुरुग्राम निवासी अंशु ने कहा था कि ऑनलाइन गेमिंग एप से भुगतान आएगा और उसकी राशि हम दोनों की आधी-आधी होगी। इसमें आए सवा करोड़ रुपये अंशु के दोस्त सोनू ने अपने खाते में स्थानांतरित कर लिए जबकि उसे सिर्फ 44,000 रुपये ही मिले थे। इसके बाद यह चालू खाता ब्लॉक हो गया। इस खाते में 1.70 लाख रुपये बचे हैं। अंशु के साथ ही भगडाना निवासी सोनू, सुरेंद्र और संजय को इस गिरोह का मास्टरमाइंड बताया गया है। इस खाते की नेटबैंकिंग का पासवर्ड भी इन्हीं आरोपियों के पास हैं।
विज्ञापन

इसमें गुरुग्राम निवासी अंशु और सोनू का खाता भी नंबर दिया है। रकम मंगवाने के लिए इन्होंने पांच खाते और खुलवाए जबकि पिछले खाते में आई रकम का हिसाब नहीं दिया। सोनू का ताऊ भी कभी-कभी गुरुग्राम आता है। सोनू के ताऊ के लड़के ने रुपये स्थानांतरित किए हैं। उक्त खाते का विवरण निकालकर पूरा लेनदेन देखा जा सकता है। सुसाइड नोट में यह भी लिखा है कि सोनू 1.24 करोड़ रुपये का सौदा करवाने वाला था। कई लोगों से 62 लाख रुपये उधार भी लिए थे। सभी बातचीत के सबूत फोन व व्हाट्सएप पर उपलब्ध हैं। लोगों से रुपये लेने पर शर्मिंदगी और बेइज्जती होने के कारण इन आरोपियों ने आत्महत्या करने पर मजबूर कर दिया। सोनू और अंशु की वजह से रुपयों की दिक्कत के कारण वह इस दुनिया से दूर जा रहा है।
सुसाइड नोट के मुताबिक उसने चंडीगढ़ निवासी अमन भारद्वाज की पत्नी प्रीति भारद्वाज की नौकरी लगवाने के लिए उन्हाेंने 8.50 लाख रुपये दे रखे हैं। इसलिए इस दंपती को भी भाई की मौत का दूसरा कारण बताया गया है। शिकायत में परिवार को न्याय दिलवाने की मांग की है। पुलिस ने विभिन्न धाराओं के तहत आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें