उपायुक्त को मांगपत्र सौंपने जाते विभिन्न गांव के लोग।
भिवानी। गांव रूपगढ़, निमड़ीवाली, नंदगांव, झरवाई, ढाणी जंगा, प्रहलादगढ़, कोंट, उमरावत, निनाण, नौरंगाबाद, सैय, रिवाड़ी, पूर्णपुरा से तेल पाइप लाइन बिछाने का कार्य शुरू किया जा चुका है। इसके विरोध में गांव रूपगढ़ में 20 अक्तूबर 2024 से किसान धरनारत हैं। किसानों के विरोध के बाद भी निजी कंपनी के अधिकारियों द्वारा मनमाना रवैया अपनाते हुए गांव कोंट में एक बार फिर से पाइप लाइन डालने का काम किया गया। इसके विरोध में किसान एक बार फिर उतरे और उपायुक्त को मांगपत्र सौंपते हुए इस कार्य को तुंरत प्रभाव से बंद कराने की मांग की।
उपायुक्त को मांगपत्र सौंपने पहुंचे गांव रूपगढ़ धरना के अध्यक्ष नीरज यदुवंशी, कोंट के सरपंच हरविंद्र सिंह, रूपगढ़ के सरपंच रवि कुमार, ढाणी जंगा के सरपंच जितेंद्र राजपूत, झरवाई सरपंच राजेश सांगवान, नंदगांव सरपंच महेंद्र सिंह, निमड़ीवाली के सरपंच लीलाराम ठेकेदार ने बताया कि सरकार निजी कंपनी के साथ मिलकर किसानों को पूरी तरह से बर्बाद करना चाहती है। इसीलिए किसानों को मुआवजा दिए बगैर ही उनके खेतों से पाइप लाइन बिछाने का कार्य किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि उपरोक्त गांव हाईटेंशन की तार की वजह से पहले ही परेशान है और पांच साल से इन गांवों के किसान इस समस्या के समाधान की मांग कर रहे हैं। इसके बाद अब इन गांवों में पाइप लाइन बिछाई जा रही है। इसके चलते सीधे तौर पर उनकी उपजाऊ जमीन पर प्रभाव पड़ रहा है और उनकी जमीन धीरे-धीरे बंजर होती चली जाएगी। इसके बाद किसानों के समक्ष अपने परिवार के पालन-पोषण की समस्या खड़ी हो जाएगी।
उन्होंने कहा कि फिलहाल तो गांव कोंट में भी पाइपलाइन बिछाने के कार्य को रुकवा दिया है। किसानों ने स्पष्ट तौर पर चेतावनी दी कि कंपनी इस कार्य को पूर्ण रूप से बंद करे या फिर किसानों को बाजार मूल्य का भाव दे, ताकि वे अपने परिवार का गुजर-बसर कर सकें। संवाद