भिवानी। अखिल भारतीय किसान सभा जिला कमेटी के नेतृत्व में 12 गांवों के किसानों ने उपायुक्त कार्यालय के सामने हाल ही में हुई ओलावृष्टि की विशेष गिरदावरी की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। भारी पुलिस बल के बावजूद प्रदर्शनकारी किसानों ने लघु सचिवालय का मुख्य गेट पर सुरक्षा घेरा तोड़ दिया। वहीं अंदर तक पहुंचे। इस दौरान गेट पर तैनात सिक्योरिटी से भी किसानों की खूब तनातनी हुई।
किसानों से बातचीत के लिए नगराधीश विपिन कुमार और भाजपा विधायक घनश्याम सर्राफ भी पहुंचे। इसके बाद किसानों ने एसडीएम विशाल को अपना मांग पत्र सौंपा। प्रदर्शन की अगुवाई किसान सभा के जिला प्रधान रामफल देशवाल ने की। किसान सभा के जिला उपप्रधान कामरेड ओम प्रकाश ने कहा कि शनिवार को हुई ओलावृष्टि ने भिवानी जिले के कई गांव में किसानों की सरसों, गेहूं व अन्य फसलों को बर्बाद कर दिया है। गांव मानहेरु, मधमाधवी, धारेडू, गोरीपुर, कितलाना, नांगल, उमरावत व आसपास के गांव की फसलें पूरी तरह से बर्बाद हो गई है। इन गांवों के किसान अपने बर्बाद पौधों को लेकर जिला उपायुक्त से मिलने आए थे। परंतु जिला उपायुक्त की अनुपस्थिति में एसडीएम व नगराधीश ने किसानों की बात सुनी और किसानों को विशेष गिरदावरी करने का आश्वासन दिया।
भिवानी के विधायक घनश्याम सर्राफ ने भी किसानों को विशेष गिरदावरी करवाने व न्यायोचित मुआवजा देने का इन गांव के किसानों को आश्वासन दिया। किसान नेताओं ने हरियाणा सरकार से मुआवजे के रूप में 50 हजार रुपये प्रति एकड़ देने की मांग की। उन्होंने कहा कि प्रशासन व सरकार के लोग आश्वासन देने के बाद भी उन आश्वासनों को लागू नहीं करते और किसानों को पोर्टलों में उलझाकर उनकी वाजिब मांग लागू नहीं की जाती।
उन्होंने कहा कि पिछले वर्ष जनवरी 2023 में पाले, बेमौसमी बारिश व ओलों ने रबी फसल को बर्बाद कर दिया था। राजस्व विभाग ने भिवानी जिले का 300 करोड़ रुपये नुकसान दिखाया था पर सरकार ने केवल 11 करोड़ रुपये का भुगतान किया था, 2.89 करोड़ को गोलमोल कर दिया। प्रदर्शन में किसान नेता मास्टर शेरसिंह, युवा कल्याण संगठन के संरक्षक कमल सिंह प्रधान, नरेंद्र धनाना, प्रताप सिंह सिंहमार, कृष्ण धनाना, महाबीर फोजी, बलजीत मोखरा, भगवान सिंह मनहेरू, रवि मनहेरू, मनोज मनहेरु, सुनिल, ओमप्रकाश मनहेरु, अमित नांगल व अरविंद गोरीपुर शामिल रहे। संवाद