भिवानी। भाजपा की एक अगस्त से शहीद सम्मान तिरंगा यात्रा महज भाईचारे को बिगाड़ने का खेल है। हकीकत यह है कि आरएसएस ने अतीत में हमेशा भारतीय संविधान और तिरंगे का अपमान किया है। यह आरोप महंत सदानंद सरस्वती ने कितलाना टोल पर किसानों के धरने को संबोधित करते हुए लगाया।
उन्होंने कहा कि आजादी आंदोलन के शहीदों के लिए भाजपा और उनके सहयोगियों के दिल में कोई प्रेम और सम्मान नहीं है। ये महात्मा गांधी के हत्यारे नाथूराम गोडसे के प्रशंसक हैं। अनेकों ऐसे अवसर आए हैं जब इन्होंने महात्मा गांधी का अपमान किया है। उन्होंने कहा कि भाजपा और आरएसएस अब किसान आंदोलन के चलते लोगों को भ्रमित करने और अपने आप को आजादी के आंदोलन से जोड़कर दिखाने का प्रपंच रचकर भाई को भाई से लड़ाने पर आमादा हैं। देश की जनता इनकी असलियत समझ चुकी। इनकी किसी चाल में आने वाले नहीं। उन्होंने कहा कि बहल में एक अगस्त को किसान पंचायत का आयोजन किया जाएगा।
संयुक्त किसान मोर्चा के आह्वान पर कितलाना टोल पर धरने के 219वें दिन सांगवान खाप के सूरजभान सांगवान, फौगाट खाप के प्रधान बलवंत नंबरदार, श्योराण खाप के प्रधान बिजेंद्र बेरला, किसान सभा के प्रताप सिंह सिंहमार, गंगाराम श्योराण, दिलबाग ढुल, मीरसिंह नीमड़ीवाली, मामकौर, फुला कितलाना, कृष्णा गौरीपुर, सुभाष यादव ने संयुक्त रूप से अध्यक्षता की। उन्होंने कहा कि किसान आंदोलन को गति देने के लिए रविवार को बहल की अनाज मंडी में सुबह 9 बजे होने वाली किसान पंचायत में अहम निर्णय लिए जाएंगे और इसमें कितलाना टोल से भी किसान शिरकत करेंगे। टोल पर किसानों ने आज आजादी के नायक शहीद ऊधम सिंह की पुण्यतिथि पर और महान लेखक मुंशी प्रेमचंद की जयंती पर उन्हें श्रद्धासुमन अर्पित कर उनके संस्मरणों पर रोशनी डाली गई।
धरने का मंच संचालन कामरेड ओमप्रकाश ने किया। इस अवसर पर मास्टर ताराचंद चरखी, आजाद सिंह अटेला, सुरेंद्र कुब्जानगर, राजू मान, नत्थूराम फौगाट, अधिवक्ता सुनील श्योराण, सीताराम फौगाट, रामफल देशवाल, मंगल सुई, बलबीर बजाड़, प्रो. जगमिंद्र सांगवान, सत्यवान कालुवाला, सूबेदार सतबीर सिंह, पूर्व सरपंच समुद्र सिंह, सब्बीर हुसैन, मौजीराम, सुरेश डोहकी, ओम नंबरदार चरखी आदि मौजूद थे।