पीजीआई रोहतक में मरीजों से रुपये ऐंठने और पीजीआई थाना से लघु शंका के बहाने भागने के आरोपी फर्जी डॉक्टर को पीजीआई थाना पुलिस ने भिवानी पुलिस की मदद से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी काफी दिनों से यह फर्जीवाड़ा कर रहा था। आरोपी को रविवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि पीजीआईएमएस में शुक्रवार को मरीजों के काम कराने के बहाने रुपये ऐंठने के आरोप में फर्जी डॉक्टर पकड़ा गया था। पूछताछ में आरोपी की पहचान भिवानी की लाजपत नगर कॉलोनी वासी पवन के रूप में हुई थी। पीजीआईएमएस संस्थान के डीएमएस एवं नोडल अधिकारी लिटिगेशन डॉ. संदीप ने चिकित्सा अधीक्षक कार्यालय से आरोपी को पकड़ा और फिर पीजीआई थाना पुलिस के सुपुर्द किया। पुलिस ने उसके खिलाफ धोखाधड़ी का केस दर्ज किया। थाने में पुलिस जब उससे पूछताछ कर रही थी तो लघु शंका के बहाने वह वहां से निकला और फरार हो गया। जिसके बाद रातभर पीजीआई थाना पुलिस जगह-जगह छापेमारी करती रही। आरोपी भिवानी का रहने वाला था तो पीजीआई थाना पुलिस ने भिवानी पुलिस की भी मदद ली। भिवानी में दो लाजपत नगर हैं। एक मुख्य लाजपत नगर तोशाम बाईपास के नजदीक है जबकि एक छोटी कॉलोनी बैंक कॉलोनी के पास भी है। पीजीआई थाना पुलिस के अलावा भिवानी सीआईए और सदर थाना पुलिस ने भी शहर की दोनों लाजपत नगर कॉलोनियों में छापेमारी की। देर रात करीब एक बजे सीआईए भिवानी टीम की मदद से पीजीआई थाना पुलिस ने तोशाम बाईपास स्थित लाजपत नगर से आरोपी को उसके घर से ही गिरफ्तार कर लिया।
फोटो लिए आरोपी को तलाशती रही पुलिस : पीजीआई थाना से आरोपी जब भाग तो उससे पहले उसके मोबाइल से फोटो लिए गए थे। आरोपी के भागने के बाद पीजीआई थाना पुलिस ने वे फोटो भिवानी पुलिस के पास व्हाट्सअप पर भेजे। जिसके बाद भिवानी सदर थाना और सीआईए पुलिस इसी फोटो के सहारे रात को लाजपत नगर में आरोपी की तलाश करती रही।
यह था मामला : पीजीआईएमएस के अधिकारियों को सूचना मिली थी कि कुछ फर्जी डाक्टर एप्रेन पहनकर और स्टेथोस्कोप डालकर चिकित्सा अधीक्षक कार्यालय व आसपास घूमते रहते है। जो मरीजों से उनके कार्य कराने के बहाने रुपये ऐंठते है। इस शिकायत के बाद टीम ने ऐसे फर्जी डाक्टरों को पकड़ने के लिए जाल बिछाया। जिसके आधार पर शुक्रवार को टीम ने एक फर्जी डाक्टर पवन को गिरफ्तार किया। पवन ने पूछताछ में बताया कि वह भिवानी की लाजपत नगर कॉलोनी का रहने वाला है। पीजीआई अधिकारियों ने आरोपी को पीजीआई थाना पुलिस के सुपुर्द कर दिया। जहां से वह लघुशंका के बहाने भाग निकला।
गांव में डॉक्टर के नाम से चर्चित है फर्जी डॉक्टर पवन
पीजीआई रोहतक में पकड़ा गया फर्जी डॉक्टर पवन भिवानी की लाजपत नगर कॉलोनी के अलावा मूल रूप से गांव जताई का रहने वाला है। गांव में सभी उसे पीजीआई में कार्यरत चिकित्सक ही समझते हैं। बड़े चिकित्सा अधिकारी की तरह उसका गांव में नाम है। इतना ही नहीं वह अपनी गाड़ी पर भी ईएमएस लिखवा रखा है। सूत्र बताते हैं कि कई सालों से वह यह खेल खेल रहा है और उसे गाड़ियां बदलने का भी शौक है।
फर्जी डॉक्टर को पकड़कर पीजीआई अधिकारियों ने सौंपा था, जो लघुशंका के बहाने भाग निकला। इस बारे में केस दर्ज कर लिया है। अब आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी को रविवार को कोर्ट में पेश किया जाएगा।
- अनिल कुमार, एसएचओ, पीजीआई थाना