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प्रदूषण से निपटने के लिए जिला प्रशासन ने स्थापित किया शिकायत निवारण मंच : उपायुक्त

Sat, 23 Nov 2024 03:09 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, भिवानी
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भिवानी। उपायुक्त महावीर कौशिक ने बताया कि हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड तथा सर्वोच्च न्यायालय के आदेशों की अनुपालना में जिला में ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान के चौथे चरण के तहत जिले में विभिन्न प्रतिबंध लगाए गए हैं। आदेशों की अनुपालना सुनिश्चित करने के लिए विभिन्न विभागों की जिम्मेदारियां भी निर्धारित की गई हैं। उपायुक्त महावीर कौशिक ने बताया कि जिले में शिकायत निवारण केंद्र की स्थापना भी की गई है।
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ग्रैप के चौथे चरण की बंदिशों का उल्लंघन होने पर कोई भी व्यक्ति शिकायत निवारण मंच पर अपनी शिकायत दर्ज करवा सकता है। शिकायत तीन माध्यमों से दर्ज करवाई जा सकती है। मोबाइल नंबर 8607860303 व 9132726000 पर कॉल करके अथवा व्हाट्सएप पर संदेश भेजकर शिकायत दर्ज करवाई जा सकती है। इसके अलावा ईमेल एचएसपीसीबीआरओजेआरडॉटजीमेलडॉटकाम पर भी शिकायत दर्ज करवाई जा सकती है।

महावीर कौशिक ने बताया कि शिकायत निवारण मंच के माध्यम से प्राप्त होने वाली सभी शिकायतों को हरियाणा राज्य प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड भिवानी के क्षेत्रीय अधिकारी द्वारा संबंधित विभाग को कार्यवाही के लिए भेजा जाएगा। उन्होंने बताया कि उपरोक्त आदेशों को लागू करवाने के लिए प्रवर्तन टीम भी स्थापित की गई है, जो ग्रैप के प्रतिबंधों को लागू करवाने के लिए जिम्मेदार रहेगी। शिकायतों का 24 घंटे के भीतर समाधान किया जाएगा।
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उपायुक्त महावीर कौशिक ने बताया कि शिकायतों को लेकर रोजाना मॉनिटरिंग व समीक्षा की जा रही है। अतिरिक्त उपायुक्त द्वारा शिकायतों की स्थिति तथा उनके समाधान अथवा लंबित रहने के कारणों की समीक्षा की जा रही है। शिकायतकर्ताओं को 48 घंटे के भीतर कार्रवाई के बारे में जानकारी प्रदान की जाएगी। हरियाणा राज्य प्रदूषण कंट्रोल बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी द्वारा रोजाना शिकायतों के बारे में एकीकृत रिपोर्ट और उन पर की गई कार्रवाई की जानकारी मुख्यालय को भेजी जाएगी।
प्रदूषण के स्तर को कम करने के लिए ग्रेडेड रिस्पांस एक्शन प्लान तैयार किया गया है। इसमें चार चरण बनाए गए हैं। इनमें प्रदूषण को कम करने के लिए उपाय किए जाते हैं। एक्यूआई 200 के ऊपर जाने के बाद ग्रैप का पहला चरण लागू किया जाता है। वहीं, अब राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में ग्रैप का चौथा चरण लागू किया गया है, जिसमें कई तरह की पाबंदियां लगा दी गई हैं। अब ग्रैप का चौथा चरण लागू होने से जिला में सभी निर्माण कार्यों पर रोक लगा दी गई। स्कूलों की भौतिक कक्षाएं बंद करके उन्हें पहले ही ऑनलाइन किया जा चुका है।
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