कस्बा चांग में फोटोग्राफर सुरेश हत्याकांड के बाद दो पक्षों की रंजिश थमने का नाम नहीं ले रही है। रविवार रात अचानक फिर दोनों गुट भिड़ गए। कुछ घंटों के अंतराल पर हुई तीन झड़पों में लड़कियों, महिलाओं समेत 15 लोग घायल हो गए। रात को भूतला पाना मोहल्ला जंग के मैदान में तबदील हो गया। दोनों पक्षों ने एक दूसरे पर लाठी, डंडों, फरसों और जैली से हमला कर दिया। देखते ही देखते कस्बे में तनाव फैल गया। सूचना मिलने पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला। तनाव को देखकर कस्बे में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया है। घायलों को परिजनों ने जिला अस्पताल में भर्ती कराया है। यहां पर दोनों पक्षों में तनाव देखने को मिला।
रविवार रात आठ बजे मृतक सुरेश के परिवार का एक लड़का रितिक साइकिल से मेन मार्केट होकर घर लौट रहा था। किसी बात को लेकर राह चलते दूसरे पक्ष के दो युवकों के साथ उसका विवाद हो गया। इसके बाद दोनों लड़कों ने रितिक की पिटाई कर दी। घर बताने के बाद परिवार के अन्य सदस्यों ने उक्त दोनों युवकों को सैय मोड़ पर घेरकर लाठी-डंडों से जमकर पीटा। इस घटना के दोनों पक्ष उत्तेजित हो गए।
इस घटना के करीब एक घंटे बाद दोनों पक्ष अपने मोहल्ले (भूतला पाना) में फिर भिड़ गए। दोनों पक्षों के लोगों ने खूब ईंट-पत्थर फेंके। लाठी-डंडों और धारदार हथियारों का इस्तेमाल किया गया। 20-25 मिनट चले इस खूनी टकराव में दोनों पक्षों के 12 लोगों को चोट आई। इनमें आधा दर्जन लड़की व महिलाएं हैं। घायलों में कइयों की हालत गंभीर बनी हुई है। झगड़े के बाद से गांव में तनाव का माहौल है।
घटनाक्रम : तारीख दर तारीख
गत 17 अप्रैल को कुछ लोगों ने फोटोग्राफर सुरेश कुमार की पीट-पीटकर हत्या कर दी थी।
उसी दिन पुलिस ने 13 के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया।
दो दिन बाद 19 तारीख को मुख्य आरोपी ने दूसरे पक्ष पर अपहरण व मारपीट का आरोप जड़ा।
इसके बाद आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए कई दिन धरने-प्रदर्शनों का दौर चला।
पखवाड़े भर पहले एक लड़की ने मृतक व उसके कई साथियों पर गैंगरेप का आरोप लगाते हुए डीएसपी को सीडी भी सौंपी थी। इस मामले की पुलिस अभी जांच कर रही है।
जिला अस्पताल में भी थी झगड़े की तैयारी
दोनों पक्षों में रंजिश किस कदर बढ़ चुकी है, इसकी बानगी जिला अस्पताल में देखने को मिली। चांग में दो बार झगड़े के बाद भी जिला अस्पताल में कुछ लोग हथियार लेकर आए। घायलों को लेकर आई दो गाड़ियों में जैली व डंडे मिले। गाड़ी में हथियार देखकर एक युवक ने शोर मचाया तो तब पुलिस का ध्यान हथियारों की ओर गया। इमरजेंसी में ज्यादा भीड़ बढ़ने के बाद विवाद की आशंका पैदा हो गई। इसके बाद पुलिस ने भीड़ को इमरजेंसी से बाहर निकाला।
स्ट्रेचर नहीं मिले, घायलों को गोद में लाए परिजन
जिला अस्पताल की इमरजेंसी कितनी सुविधाओं से लैस है, यह रविवार रात देखने को मिला। चांग झगड़े में घायल एक साथ इमरजेंसी पहुंचे तो स्ट्रेचर तक नहीं मिले। ज्यादातर घायलों को परिजन ही गोद में उठाकर इमरजेंसी के भीतर लेकर आए। एक-दो घायलों को व्हील चेयर नसीब हुई।
ये हुए घायल
झगड़े में दोनों पक्षों से करीब 15 घायलों को उपचार के लिए सामान्य अस्पताल में भर्ती कराया गया। इनमें होशियार सिंह, अमित, पिंकी, सुनील, संदीप, मंजू, एकता, सरिता, प्रवीण, रेखा, हुकमचंद, रामप्रसाद, संजय, जयभगवान, नवीन शामिल है।