शहर के पिपली वाली जोहड़ी क्षेत्र में मानसिक रूप से परेशान एक रिटायर्ड फौजी ने अपनी लाइसेंसी बंदूक से खुद को गोली मार ली। गोली जबड़े के नीचे लगी थी।
गंभीर हालत में परिजन उसे उपचार के लिए सामान्य अस्पताल लेकर पहुंचे जहां चिकित्सक ने उसे मृत घोषित कर दिया। सूचना पर पहुंची जैन चौकी पुलिस ने शव का मुआयना करने के बाद घर का निरीक्षण किया। परिजनों के बयान पर इत्तफाकिया मौत की कार्रवाई की है।
मामला रविवार सुबह करीब पौने 10 बजे का है। करीब 55 वर्षीय सेवानिवृत्त फौजी जगदीश ने मकान में बने एक कमरे में जाकर खुद को गोली मार ली। गोली ठोड़ी के नीचे लगने से चेहरा विकृत हो गया। जगदीश को सामान्य अस्पताल लेकर पहुंचे परिजनों को चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।
जगदीश रिटायरमेंट के बाद से एक बैंक में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी कर रहा था। उसके पास लाइसेंसी बंदूक थी। रक्षाबंधन पर छुट्टी आए दुबई के एक होटल में कार्यरत फौजी के लड़के आनंद ने बताया कि रक्षाबंधन पर उसकी बहन भी ससुराल से यहां आई थी।
आज सुबह करीब पौने 10 बजे बहन वापस जाने के लिए घर के बाहर गाड़ी में बैठ गई थी। उसे गंगानगर ट्रेन से जाना था। सभी उसे विदा कर रहे थे, तभी अचानक घर से गोली चलने की आवाज आई।
अंदर देखा तो पिता खून से लथपथ थे। मृतक के भाई सूरजभान ने बताया कि घर में किसी तरह का कोई विवाद नहीं था। जगदीश को हाई ब्लड प्रेशर के कारण थोड़ी दिक्कत रहती थी। समझ नहीं आ रहा कि उसने यह कदम क्यों उठाया।
मामले में जैन चौक चौकी इंचार्ज एसआई अत्तर सिंह ने बताया कि रिटायर्ड फौजी जगदीश ने खुद को गोली मारी है। कारण अभी स्पष्ट नहीं है।
मृतक के बेटे व भाई के बयान पर इत्तफाकिया मौत की कार्रवाई की गई है। शव पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंप दिया गया है।
--
रक्षाबंधन पर मिले तो खुश थे सभी, विदाई से पहले मातम
सेवानिवृत्त फौजी जगदीश को एक लड़का व एक लड़की है। लड़की की शादी हो चुकी है और लड़का विदेश में नौकरी करता है। भिवानी में वह और उसकी पत्नी रहते थे। रक्षाबंधन पर बेटा, बेटी दामाद आए तो सभी मिले और खुशी का माहौल था। रक्षाबंधन के बाद रविवार सुबह सभी विदा होने लगे तो अचानक घर से आई गोली की आवाज से खुशियां मातम में बदल गई। जहां चंद घंटों पहले खुशी का माहौल था, वहीं अब मातम का माहौल है। किसी को समझ नहीं आ रहा कि आखिर ऐसा क्या हुआ कि फौजी ने यह कदम उठाया।
फोटो 01 व 02