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दहेज प्रताड़ना से आहत विवाहिता ने निगला जहर

Sat, 14 May 2016 12:03 AM IST
ब्यूरो अमर उजाला
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जहर खाकर दी जान - फोटो : फाइल फोटो
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गांव नौगांवा निवासी विवाहिता ने दहेज प्रताड़ता से तंग आकर बृहस्पतिवार देर शाम जहर निगल लिया। नगर के एक निजी अस्पताल में उपचार के दौरान महिला ने दम तोड़ दिया। मृतका बृहस्पतिवार सुबह ही घर से पचास हजार रुपये की नकदी लेकर  लौटी थी। शव का पोस्टमार्टम शुक्रवार सुबह सिविल अस्पताल में करवाया गया।  मृतका के भाई ने तीन ननदों सहित पति व देवर पर दहेज प्रताड़ना व आत्महत्या के लिए मजबूर करने के आरोप लगाए हैं। पीड़ित पक्ष के बयान पर पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
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  पुलिस को दिए बयान में मोहम्दाबाद निवासी मंजीत ने बताया कि उसकी बहन मनीता की शादी 13 अप्रैल, 2006 को  नौगांवा निवासी अनिल के साथ हुई थी। मंजीत ने बताया कि अनिल ट्रक ड्राइवर है और शुरुआत से ही उसकी बहन को दहेज के लिए ससुराल पक्ष के लोग प्रताड़ित करते रहे हैं। मृतका के भाई ने बताया कि 10 मई को दहेज की मांग करने पर उसकी बहन उनके पास आई थी। वहां दो दिन रुकने के बाद 12 मई को ही वह पचास हजार रुपये लेकर ससुराल पहुंची थी। बृहस्पतिवार देर शाम उसके पति अनिल ने  मनीता के जहर पीने और चरखी दादरी के एक निजी अस्पताल में उपचाराधीन होने की जानकारी उन्हें फोन पर दी। इसके तुरंत बाद वो अस्पताल पहुंचे। चिकित्सक ने मनीता को मृत घोषित कर दिया। इसके बाद उन्हाेंने मामले से पुलिस को अवगत करवाया। सूचना पाकर मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सिविल अस्पताल में रखवाया। मृतका के परिजनों ने  बताया कि उन्होंने मनीता के शव को देखा तो उसके गले व सीने पर चोटों के निशान भी थे। इस संबंध में पुलिस ने मृतका के भाई के बयान दर्ज कर शव का  पोस्टमार्टम करवाकर परिजनों को सौंप दिया। वहीं, पुलिस ने छह लोगों पर आत्महत्या के लिए मजबूर करने का मामला दर्ज किया है।
  पति की मांग पर दे चुके हैं गाड़ी और करीब ढाई लाख रुपये
मंजीत ने बताया कि शुरुआत से ही अनिल मनीता से दहेज के नाम पर मारपीट करता रहा। इसके अलावा ससुराल पक्ष के अन्य लोग भी उसे दहेज कम लाने के ताने देते रहते थे। मंजीत ने बताया कि अनिल की मांग पर शादी के सात साल बाद उन्होंने नई गाड़ी भी दे दी। इतना ही नहीं जब अनिल ने ट्रक लिया तो उसे एक लाख रुपये देकर आर्थिक मदद भी की गई। इससे पहले भी उसे पचास हजार व 20 हजार रुपये की नकदी वो दे चुके हैं। मंजीत ने बताया कि बृहस्पतिवार को घर से आते समय भी मनीता 50 हजार रुपये लेकर आई थी।
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शव का पोस्टमार्टम करवा परिजनों को पुलिस ने सौंप दिया। मृतका के भाई के बयान पर पति, सास व तीन ननदों के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने का मामला दर्ज किया गया है। फिलहाल किसी भी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं की जा सकी है।
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सुंदरपाल सिंह, इंचार्ज, सासरौली चौकी 
 
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