जिले में कोरोना संक्रमण से मौत के छह मामले सामने आए है, जिसके बाद कोरोना से मौत का आंकड़ा 587 पहुंच गया। लॉकडाउन और स्वास्थ्य विभाग के प्रयासों से कोरोना संक्रमण के नए मामले तो कम हो गए लेकिन मौत के मामलों में अभी गिरावट नहीं आई है। फिर भी लोग लापरवाही बरत रहे है।
शुक्रवार को जिले में कोरोना संक्रमण के 15 नए मामले सामने आए है। वहीं 74 कोरोना संक्रमित ठीक होकर अपने घर लौटे है। जिले में कोरोना संक्रमण के फिलहाल 475 सक्रीय केस है। इनमें से 117 मामले शहरी क्षेत्र और 358 मामले ग्रामीण क्षेत्र से है। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने 1150 के सैंपल जांच के लिए लैब में भेजे हैं। जिनकी रिपोर्ट शनिवार दोपहर तक आएगी, वही 479 की रिपोर्ट लंबित हैं। कोरोना संक्रमण के 475 मामलों में से 364 होम आइसोलेट और 108 अस्पतलों में उपचाराधीन हैं।
यहां एडमिट है कोरोना के मरीज
कोरोना संक्रमित मरीजों जिला सामान्य अस्पताल के साथ साथ अन्य अस्पतालों में भी उपचाराधीन है। कोरोना संक्रमण मरीज दिल्ली में सात, हिसार में 29, पीजीआईएमएस रोहतक में 10, झज्जर में तीन, राजगढ़ में दो, गुरुग्राम में चार, मेवात में एक, जिला सामान्य अस्पताल में 34, जांगड़ा अस्पताल में एक, लाइफ लाइन में पांच, कदम अस्पताल में एक, तोशाम में तीन, स्पेश अस्पताल में एक, चुघ अस्पताल में दो, लोहारू में दो, अन्य अस्पताल में तीन और तीन मरीजों की जानकारी लंबित हैं।
जिले में कोरोना संक्रमण की स्थिति
स्वास्थ्य विभाग की टीम में कोरोना संक्रमण की जांच के लिए अब तब 299534 सैंपल लिए है। इनमें से 276155 की रिपोर्ट नेगिटिव रही और 22011 कोरोना संक्रमित मिले। इनमें से 20949 कोरोना संक्रमण से ठीक हो चुकी है और 587 की मौत हो गई। इसके अलावा जिले में फिलहाल 475 सक्रीय केस हैं। इनमें से 117 शहरी और 358 ग्रामीण क्षेत्र से है। कोरोना संक्रमण के 475 मामलों में से 364 होम आइसोलेट और 108 अस्पतलों में उपचाराधीन हैं।
इनकी हुई कोरोना संक्रमण से मौत:
जिले में शुक्रवार को कोरोना संक्रमण से छह लोगों की मौत हो गई। कोरोना संक्रमण से विकास नगर से 55 वर्षीय व्यक्ति, सिवानी के गुड़ा से 64 वर्षीय महिला, बिधनाई से 36 वर्षीय युवक, कलिंगा से 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला, निगड़ीवाली से 51 वर्षीय व्यक्ति सहित हालुवास से 60 वर्षीय महिला की मौत हो गई। जिनका अंतिम संस्कार कोविड-19 सुरक्षा नियमों के अनुसार करवाया गया हैं।
बाजार से नहीं हो रही भीड़ कम, जगह-जगह लग रहे जाम
सरकार ने लॉकडाउन को लेकर कुछ छूट दी गई थी। जिसमें बाजार में दुकानें खोलने के लिए सम-विषम नियम लागू किए गए थे। सरकार द्वारा छूट दिए जाने के बाद शहर के अधिकतर दुकानदारों ने दुकानें खोल ली और इसमें सम-विषम नियमों को किनारे पर रख दिया। सरकारी आदेशों के अनुसार सभी दुकानों पर नंबर लगाए गए और उसी के अनुसार पालन करने की कही गई थी। बाजार में दुकानदार अपनी मर्जी से दुकानें खोल रहे है और उनके रोकने-टोकने वाला भी कोई नहीं हैं। साथ ही बाजार में खरीदारी करने के लिए आ रहे लोगों के चेहरों से मास्क और सामुदायिक दूरी पूरी तरह गायब है। लोग कोविड-19 सुरक्षा निमयों का पालन नहीं कर रहे। जिसकी वजह से स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ गई है। स्वास्थ्य विभाग ने शहर के हर वार्ड में स्क्रीनिंग कराई है। जिसके तहत लोगों के स्वास्थ्य की जांच की है। बावजूद इसके लोग स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी गाइडलाइन का पालन नहीं कर रहे और न ही लॉकडाउन के नियम निभा रहे हैं। ऐसे में बाजार में की जाने वाली लापरवाही कोरोना संक्रमण के लिए संजीवनी बूटी का काम कर सकती हैं।
कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग का जागरूकता अभियान लगातार जारी है। स्वास्थ्य विभाग की टीमों ने शहर के 31 वार्डो में स्क्रीनिंग अभियान चलाया है, जिसमें कोरोना संक्रमित या अन्य बीमारी के लक्षण मिलने पर उन्हें बीच उपचार की सुविधा मुहैया करवाई है। इसके अलावा शहर में सैंपलिंग के लिए पांच टीमों का गठन किया है, जो प्रशासन के माध्यम से बाजार में लोगों का कोरोना टेस्ट कर रहे हैं। इस समय कोविड-19 सुरक्षा नियमों का पालन करना अति आवश्यक हैं।
- डॉ. सपना गहलावत, सिविल सर्जन।