भिवानी में बरसात का सिलसिला रात के बाद सोमवार को भी दिनभर चलता रहा। कभी रूकती तो कभी अचानक तेज बरसात। मूसलाधार बरसात के कारण शहर के अनेक क्षेत्रों में जलभराव हुआ। दिनभर में करीब 55 एमएम बरसात दर्ज की गई। वहीं पिछले 24 घंटों की बात की जाए तो 120 एमएम से अधिक बरसात हो चुकी है। मानसून की शुरूआत में ही अच्छी बरसात से किसानों के चेहरे खिले है।
शनिवार रात से शुरू हुई बरसात का सिलसिला सोमवार को भी जारी रहा। रविवार रात को अच्छी बरसात हुई। अल-सुबह भी लोगों को बरसात का सामना करना पड़ा। कुछ समय थमने के बाद सुबह फिर से शुरू हुई। दिनभर कभी तेज बरसात तो कभी बूंदाबांदी का सिलसिला चलता रहा। बीच-बीच में तेज धूप भी निकली। दिनभर में शहरी क्षेत्र में ही करीब 55 एमएम बरसात दर्ज की गई। जिलेभर में करीब 40 एमएम बरसात दर्ज की गई। अगर पिछले 24 घंटे की बात की जाए 120 एमएम से अधिक बरसात हो चुकी है।
बरसात के बाद शहर के अनेक क्षेत्रों में जलभराव भी शहर वासियों के लिए परेशानी बना। शहर के पुराना बस स्टैंड, हालु मोहल्ला, शिव नगर कॉलोनी, विकास नगर, बीटीएम चौक, रोहतक गेट, बाग कोठी, बस स्टैंड के सामने दो फुट तक पानी देखा गया।
जनस्वास्थ्य मंत्री की गली में भरा बरसाती पानी
जनस्वास्थ्य मंत्री घनश्याम सर्राफ की बागकोठी स्थित आवास वाली गली में ही लोगों को जलभराव की समस्या से जूझना पड़ा। जलभराव पर जनस्वास्थ्य मंत्री ने विभाग के अधिकारियों की बैठक भी बुलाई। बैठक में जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी मंत्री घनश्याम सर्राफ ने कहा कि सिंचाई विभाग व पब्लिक हेल्थ विभाग के अधिकारी आपस में तालमेल बनाकर शहर में जमा बरसाती पानी को शीघ्र निकाले। अगर शहर में अतिरिक्त पैम्प लगाने पड़े तो वे तत्काल लगाकर बरसाती पानी की निकासी सुनिश्चित करें। मंत्री सर्राफ ने विद्युत निगम के अधिकारियों से कहा कि शहर में कम से कम बिजली के कट लगाए जाए। बिजली की सप्लाई सुचारू रूप से जारी रखे। ताकि डिस्पोजल व पंपसेटों से पानी की निकासी का कार्य जारी रखा जा सके।
आठ जगहों पर लगवाए अतिरिक्त पंपसेट
शहर में बारिश का पानी जमा होने के चलते आठ जगहों पर अतिरिक्त पंपसेट लगवाए गए है। चार पंपसेट कन्हीराम अस्पताल इलाके में, एक पंप सेट विकास नगर, एक पंप सेट शिवनगर कॉलेानी, एक पंप सेट एमसी कॉलोनी तथा एक पंपसेट दादरी गेट इलाके में लगाया गया है।
पब्लिक हेल्थ के अधिकारियों ने बनाई टीमें
शहर का बरसाती पानी की निकासी के लिए पब्लिक हेल्थ के अधिकारियेां ने अपने स्तर पर टीमों का गठन किया है। वे टीमों के माध्यम से जिस भी इलाके में पानी जमा होने की सूचना मिलती है तो वे तत्काल मौके पर पहुंचकर वहां पर पानी की निकासी की वैक्ल्पिक व्यवस्था करें। पब्लिक हेल्थ के कार्यकारी अभियंता संजीव त्यागी ने बताया कि शहर में जमा बरसाती पानी की निकासी करवाई जा रही है।
बरसात फसलों के लिए काफी फायदेमंद है। शहर में 55 एमएम के करीब बरसात हुई है। बाढड़ा, लोहारू की ओर से रेतीला क्षेत्र है और बरसात से कोई नुकसान नहीं। बवानीखेड़ा क्षेत्र में यदि कपास की फसल में दो-तीन दिन पानी जमा रहता है तो नुकसान हो सकता है। फिलहाल कोई नुकसान नहीं है।
आत्माराम गोदारा, डिप्टी डायरेक्टर, कृषि विभाग