ओम संस ज्वैलर्स पर आभूषण खरीदते ग्राहक।
भिवानी। अक्षय तृतीया पर शुभ मुहूर्त में विवाह शादियों के चलते जिले के करीब 180 से अधिक शादी समारोह स्थल और बैंक्वेट हॉल एडवांस बुक हो चुके हैं। वहीं शादी के अत्यधिक कार्यक्रमों की वजह से हलवाई से लेकर टेंट और बैंड बाजा, डीजे, कैटरिंग तक की एडवांस बुकिंग महीनों पहले हो चुकी है।
इसके साथ ही टैक्सी मार्केट की भी सभी गाड़ियां एडवांस में बुक हैं। शहर के सराफा बाजार में भी अक्षय तृतीया को लेकर अभी से रौनक देखने को मिल रही है।
बता दें कि हिंदू धर्म में अक्षय तृतीया पर्व पर मांगलिक कार्य करना शुभ माना जाता है। अक्षय तृतीया के दिन शुभ कार्य बिना किसी शुभ मुहूर्त के किए जा सकते हैं। वैशाख में शुक्ल पक्ष के तीसरे दिन मनाए जाने वाला यह पर्व भगवान विष्णु से जुड़ा है। इस दिन विशेष रूप से सोने की खरीददारी लाभकारी मानी जाती है।
अक्षय तृतीया हिंदू त्रिमूर्ति में संरक्षक, भगवान विष्णु द्वारा शासित एक दिन है। हिंदू पौराणिक कथाओं के अनुसार, इसी दिन दूसरे युग, त्रेता युग की शुरुआत हुई थी। अक्षय तृतीया भगवान विष्णु के छठे अवतार, भगवान परशुराम की जयंती, परशुराम जयंती के उत्सव का भी प्रतीक है। कुछ किंवदंतियों से पता चलता है कि अक्षय तृतीया पर, महाभारत के लेखक ऋषि व्यास ने भगवान गणेश को हिंदू महाकाव्य सुनाना शुरू किया था। एक अन्य परंपरा यह है कि इस दिन गंगा नदी पृथ्वी पर अवतरित हुई थी।
अक्षय तृतीया पर होगी आभूषणों की खरीदारी
ओम संस ज्वैलर्स के संचालक मंजीत ने बताया कि अक्षय तृतीया के शुभ लग्न में अधिकांश लोग आभूषणों की खरीदारी करते हैं। इस मौके पर धन के देवता कुबेर और सुख समृद्धि की देवी माता लक्ष्मी की भी पूजा की जाती है। आभूषणों की खरीद के लिए लोगों को हॉल मार्क गहनों की खरीददारी ही करनी चाहिए।