अमर उजाला मेरा फेवरेट अखबार है। छह मार्च 2014 से अमर उजाला पढ़ना शुरू किया था, तब से ऐसा शायद ही कोई दिन बीता होगा, जिस दिन अमर उजाला न पढ़ा हो। रूपायन और मनोरंजन (संडे मैग्जीन) का उन्हें बेसब्री से इंतजार होता है। यह कहना है, अमर उजाला सेलिब्रेशन ऑफर में बाइक विजेता पाठक कविता अग्रवाल का। शनिवार सुबह लकी ड्रा में बाइक जीतने की खबर पढ़ी तो अग्रवाल फैमिली खुशी से चहक उठी। अग्रवाल कॉलोनी (शिवनगर कॉलोनी के सामने) की रहने वाली कविता ने बताया कि वह छह मार्च 2014 से लगातार अमर उजाला पढ़ रही हैं। उनकी नजर में अमर उजाला एक मुकम्मल समाचार पत्र है। माई सिटी उन्हें शहर-जिले की खबरों से रूबरू कराता है।
ग्रेजुएट कविता बताती हैं कि उन्हें रूपायन व मनोरंजन मैग्जीन का खासतौर से इंतजार रहता है। कविता की बेटी खुशी ने अपनी माता का मुंह मीठा कराकर बधाई दी। इस खुशी के मौके पर कविता के ससुर हनुमान प्रसाद, सास सुशीला देवी, जेठानी सविता, ननद अनीषा के अलावा ध्रुव, शिवम, केशव, पलक आदि मौजूद रहे। जोगीवाला मंदिर मार्केट में कविता के पति सुनील कुमार की अग्रवाल हार्डवेयर नाम से दुकान है। अग्रवाल फैमिली मूल रूप से जिले के गांव जाटू लोहारी के रहने वाली है।
नाटकीय रही इनाम की सूचना
कविता के पति सुशील बताते हैं कि इनाम में बाइक की खबर पढ़ने से पहले ही उनके बड़े भाई मनोज ने बेटे ध्रुव का भविष्यवाणी के अंदाज में यूं ही कर दिया कि बेटा तुम्हारे वाशिंग मशीन निकली है। जब लिस्ट पढ़ी तो उनकी पत्नी के नाम से बाइक निकली। इसके बाद सभी खुशी से उछल पड़े।