भिवानी। चौधरी बंसीलाल विश्वविद्यालय एक्सपेरिमेंटल लर्निंग और फन एक्टिविटी से विद्यार्थियों के लिए विज्ञान को सरल बनाने का काम कर रही है। इसी उद्देश्य से डिपार्टमेंट ऑफ फिजिक्स की ओर से तीन और चार मार्च को दो दिवसीय अंतराष्ट्रीय विज्ञान कार्यशाला करवाई जाएगी।
विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. दीप्ति धर्माणी ने कहा कि भारतीय ज्ञान परंपरा वैज्ञानिक दृष्टिकोण पर आधारित है और वैज्ञानिक प्रयोग हमारे जीवन-शैली का हिस्सा रहे हैं। जहां खेल और हर गतिविधि वैज्ञानिकता पर आधारित है। इसी वैज्ञानिकता को किताबों में पढ़ना और उसे स्वयं कर के देखना विज्ञान को आत्मसात करने जैसे है।
कार्यशाला के संयोजक डॉ. विपिन कुमार जैन ने बताया कि इस प्रकार की कार्यशाला पहली बार आयोजित की जा रही है। इसमें छात्रों को निशुल्क प्रशिक्षण दिया जाएगा और राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुसार हमारा विभाग एक्टिविटी बेस लर्निंग को बढ़ावा देने का काम कर रहा है इससे विद्यार्थियों में शोध दृष्टि विकसित हो सकें। इस कार्यशाला में देश भर से विद्यार्थी और शिक्षक बड़ी से ऑनलाइन और ऑफलाइन जुड़ सकेंगे।