भिवानी। पहले से ही ठप पड़े बरसाती नालों में नगर परिषद के कर्मचारी सूखे कचरे को डालकर उसे आग के हवाले कर पर्यावरण को भारी नुकसान पहुंचा रहे हैं। वहीं नगर परिषद सफाई कर्मचारियों की इस कारगुजारी से दिनोद गेट गांधी नगर के लोगों में भी भारी रोष बना हुआ है। सबसे अहम बात तो यह है कि जिस जगह पर नगर परिषद के सफाई कर्मचारी खुले बरसाती नाले में सूखे कचरे को आग लगा रहे हैं वहां पर हैंडलूम मार्केट भी हैं, अगर थोड़ी सी चिंगारी भी मार्केट की दुकानों तक पहुंची तो भारी नुकसान हो सकता है। यहां पर हैंडलूम की दर्जनों दुकानें हैं, जबकि मार्ग भी काफी संकरा है।
क्षेत्रवासी गणेशीलाल वर्मा, प्रदीप व सत्यनारायण ने बताया कि दिनोद गेट से मालगोदाम रोड की तरफ कुछ जगह पर बरसाती नाले खुले पड़े हैं। इस इलाके के बरसाती नालों की पिछले काफी अर्से से साफ सफाई तक नहीं कराई गई हैं। ऐसे में रोजाना ही सड़क पर साफ-सफाई के लिए आने वाली महिला सफाई कर्मचारी सूखे कचरे को इकट्ठा कर इस नाले के अंदर डालकर माचिस की तीली लगा देती हैं, जिससे दिनभर यहां धुआं उठता है और लोगों का घरों के अंदर भी जीना हराम हो जाता है। गणेशीलाल वर्मा ने कहा कि नगर परिषद महिला सफाई कर्मचारियों की मनमानी व सूखे कचरे को आग लगाए जाने से लोगों में भारी रोष बना हुआ है। जिला प्रशासन द्वारा भी सूखे कचरे को आग लगाने पर जुर्माने का प्रावधान किया हुआ है। मगर नगर परिषद सफाई कर्मचारियों पर आज तक कोई जुर्माना नहीं लगाया गया है। क्षेत्रवासियों ने सूखे कचरे को आग लगाने वाली महिला सफाई कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग भी उठाई है।