अमर उजाला ब्यूरो
भिवानी। भिवानी से चंडीगढ़ तक महज ढाई घंटे में पहुंचना संभव हो सकेगा। हरियाणा के राष्ट्रीय राजमार्ग-8 व राष्ट्रीय राजमार्ग-1 को जोड़ने के लिए ग्रीन कोरिडोर को प्रधानमंत्री ने मंजूरी दी है। भिवानी, दादरी, महेंद्रगढ़ में इसका 95 किलोमीटर का हिस्सा होगा। सागर माला परियोजना के तहत इसे बनाया जा रहा है और 2020 तक यह बनकर तैयार हो जाएगा। यह बात सांसद धर्मबीर सिंह ने टेंडर के कागज दिखाते हुए कही। उन्होंने बताया कि इस प्रोजेक्ट को बनाने में नौ हजार करोड़ रुपये की लागत आएगी। इस परियोजना का 156 किलोमीटर हिस्सा हरियाणा से होकर गुजरेगा जिसमें 3000 एकड़ जमीन अधिग्रहित की गई है। हरियाणा में यह ग्रीन कोरिडोर कोटपुतली से अंबाला-इस्माइलाबाद तक बनाया जाएगा।
अपने आवास पर पत्रकार वार्ता में सांसद धर्मबीर सिंह ने बताया कि इस छह लेन मार्ग के निर्माण के बाद ना केवल चंडीगढ़ आसानी से ढाई घंटे में पहुंच सकेंगे बल्कि भिवानी, चरखी दादरी, महेंद्रगढ़ के लोग पहले से आधे समय में मुंबई तक जा सकेंगे। वहीं जयपुर जाने में लगने वाले समय में भी काफी कमी आएगी।
नौ हजार करोड़ रुपये के इस प्रोजेक्ट में से चार हजार करोड़ रुपये जमीन अधिग्रहण और पांच हजार करोड़ रुपये सड़क निर्माण में खर्च किए जा रहे हैं। जमीन अधिग्रहण का कार्य लगभग पूरा हो चुका है और निर्माण कार्य दो वर्षों में पूरा करने का टेंडर भी दे दिया है। उनके संसदीय क्षेत्र भिवानी-महेंद्रगढ़ लोकसभा को इस प्रोजेक्ट का सबसे अधिक फायदा होगा, क्योंकि इस ग्रीन कोरिडोर का 95 किलोमीटर का हिस्सा उनके संसदीय क्षेत्र से होकर गुजरेगा। मार्ग के दो साल के अंदर निर्माण के लिए आठ टुकड़ों में बांटकर इसके टेंडर अलॉट किए गए हैं।
नांगल चौधरी से दादरी, भिवानी होते हुए राष्ट्रीय राजमार्ग 65 में मिलेगा मार्ग
केंद्रीय भूतल परिवहन मंत्रालय द्वारा तैयार किए गए ब्लूप्रिंट का ब्योरा देते हुए सांसद ने कहा कि 6 लेन के इस ग्रीन कोरिडोर को राष्ट्रीय हाईवे प्राधिकरण तैयार करेगा। राजस्थान-हरियाणा सीमा पर नेशनल हाईवे नंबर आठ से इसे कोटपुतली के पास से शुरू किया जाएगा। जहां से यह हाईवे नांगल चौधरी, नारनौल, महेंद्रगढ़, चरखी दादरी, बौंद होते हुए खेरड़ी मोड़ के पास भिवानी-रोहतक राष्ट्रीय राजमार्ग को काटेगा। इसके बाद रोहतक जिले के मदीना से होते हुए जींद के जुलाना, सफीदो व कैथल से गुजरते हुए पिहोवा व अंबाला के बीच इस्मालाबाद के राष्ट्रीय राजमार्ग न. 65 में मिलेगा। जहां से यह अंबाला होते हुए राष्ट्रीय राजमार्ग-1 से जुड़ेगा, जोकि अमृतसर जाता है। इस योजना के तहत पहला मार्ग दिल्ली से मुंबई तक बन रहा है। इस ग्रीन कोरिडोर को भी उसी मार्ग में अलवर के पास मिलाया जाएगा ताकि यहां के लोगों को मुंबई और जयपुर जाने में भी कम समय लगे।
जमीन अधिग्रहण के लिए किसानों को कलेक्टर रेट से दोगुना रेट
इस सड़क मार्ग के लिए जो जमीन अधिग्रहित की गई है। उसके लिए ग्रामीणों को कलेक्टर रेट से दोगुना रेट पर मुआवजा दिया जा रहा है। शहर और शहर के साथ लगती जमीन मालिकों को कलेक्टर रेट से ढाई गुणा ज्यादा रुपये जमीन के लिए दिए है। भिवानी, दादरी, महेंद्रगढ़ लोकसभा क्षेत्र के तहत अधिग्रहित जमीन के लिए करीब 1600 करोड़ का मुआवजा मिलेगा।
भिवानी-महेंद्रढ़ लोकसभा क्षेत्र में नहीं लगेगा टोल टैक्स
सांसद ने स्पष्ट किया कि इस मार्ग पर भिवानी-महेंद्रगढ़ संसदीय क्षेत्र में किसी जगह टोल टैक्स नहीं लगाया जाएगा और इस मार्ग को बनाने वाली कंपनी 10 साल तक इसका रख रखाव करेगी।