चालीस साल बाद बढ़ेगा नगर परिषद का दायरा
भिवानी। लगभग चार दशक बाद नगर परिषद की सीमाओं में विस्तार होगा। नगर परिषद ने अपना दायरा बढ़ाने का प्रस्ताव स्थानीय शहरी निकाय विभाग के पास भेज दिया है। अगर प्रस्ताव को मंजूरी मिल जाती है तो नगर परिषद के दायरे में 3850 एकड़ भूमि और बढ़ जाएगी। इसके अलावा लगभग दो दर्जन कॉलोनियों को फायदा होगा। अब तक इन कॉलोनियों में विकास कार्यों से इसलिए महरूम रह जाती थी कि ये नगर परिषद की सीमा में नहीं आती। यहां तक कि कई कॉलोनी के लोग नगर निकाय चुनाव में मताधिकार से भी वंचित रह गए थे। नगर परिषद ने सरकार को इस प्रस्ताव के साथ संबंधित पंचायतों के प्रस्ताव भी भेजे गए हैं। बढ़ने वाले क्षेत्र से परिषद को गृहकर के अतिरिक्त एक अरब 34 करोड़ रुपये की विकास प्रभार के रूप में आमदनी होगी। वहीं इस क्षेत्र के विकास पर एक अरब रुपये की राशि खर्च की जाएगी। उल्लेखनीय है 13 सितंबर को सीएम दरबार में यह मामला उठने के बाद नप ने कार्रवाई शुरू कर दी है।
इसलिए जरूरी है दायरा बढ़ाना
उल्लेखनीय है कि भिवानी शहर का बहुत ऐसा क्षेत्र है, जहां पर आबादी तो है, लेकिन अभी तक वह नगर परिषद के दायरे में नहीं शामिल है। इससे यहां के निवासियों को शहर में रहते हुए भी मूलभूत सुविधाओं से वंचित होना पड़ रहा है। नगर परिषद के प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद शायद इन क्षेत्रों में रहने वाले नागरिकों को अधिक दिनों तक इन समस्याओं का सामना नहीं करना पड़ेगा।
यहां-यहां बढ़ेगा शहर का दायरा
- भेजे गए प्रस्ताव में कौंट गांव से खसरा नंबर 2, 3, 6, 7, 8,10,11,12,19, 20 और 21 शामिल हैं।
- गांव देवसर में खसरा नंबर 20, 21, 22, 23, 24, 25, 49, 50 और 51 शामिल हैं।
-गांव पालवास में 172,173,174,189,190, 191, 26 से 32, 33, 34 से 50, 221, 222, 217 और 218 शामिल है।
- गांव हालवास में खसरा नंबर 119, 120,121,122,124,125,126 और 127 हैं।
- भिवानी लोहड़ में खसरा नंबर 10,11,32 से 46, 50 से 61, 65 से 77, 90, 91, 92, 99, 100, 130, 131, 134, 135, 136,137, 250, 244, 227, 216, 203,190,191 और 192 शामिल हैं।
भिवानी में जोनपाल खसरा नंबर 119, 120, 121, 122, 149, 150, 151, 152, 153, 154, 167, 168, 169, 170, 171, 172, 204, 205, 206, 202, 203, 188 से 200, 211, 212, 213, 214 से 227, 229 से 242, 243, 244, 245, 246, 257 और 258 शामिल हैं।
- राजपुरा खरकड़ी में खसरा नंबर 13 से 16, 31 से 34, 49 और 50 शामिल है।
- तिगड़ाना में खसरा नंबर 293, 294, 295 और 314 शामिल है।
- गांव निनाण में खसरा नंबर एक और दो शामिल है।
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इन कॉलोनियों को होगा फायदा
प्रस्ताव में जिला कारागार, देव नगर, बीडी गुप्ता पार्क क्षेत्र, राजीव कॉलोनी, नेहरू कॉलोनी, केंद्रीय विद्यालय के पास न्यू डिफेंस कॉलोनी, बैंक कॉलोनी के पीछे रिहायशी क्षेत्र, ढाणा रोड व कौंट रोड का रिहायशी क्षेत्र, अंबेडकर कॉलोनी का शेष क्षेत्र, डाबर कालोनी, उत्तम नगर, जैन मुनी आश्रम और मुक्ति धाम क्षेत्र की बस्ती, लोहारू रोड ड्रेन तक का क्षेत्र, तोशाम रोड व हांसी रोड के बीच का रिहायशी क्षेत्र आदि मुख्यरूप से शामिल है।
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मिलेगा वोट डालने का अधिकार
परिषद का दायरा बढ़ने से लोगों को जहां एक तरफ मूलभूत सुविधाएं मिलेंगी, वहीं वोट डालने का अधिकार मिलेगा। लोगों को पेयजल, बिजली, सीवर, की समस्या दूर होने के साथ राशन कार्ड बनवाना, वोटर कार्ड, गृह कर, प्रॉपर्टी पर लोन, नक्शा पास करवाने और अनापत्ति प्रमाणपत्र मिल सकेंगे।
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जनता दरबार में उठा था मामला
गत 13 दिसंबर को पंचायत भवन में आयोजित जनता दरबार में मुख्यमंत्री मनोहरलाल द्वारा दिए गए आश्वासन के बाद परिषद का दायरा शीघ्र बढ़ने की संभावना प्रबल हो गई है। यह मामला आठ अगस्त 2015 को शहर में सभा के दौरान मुख्यमंत्री के समक्ष रखा गया था, जिसमें मुख्यमंत्री ने शहरवासियों की मांग के अनुरूप दायरा बढ़ाने की घोषणा की थी।
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नगर परिषद का दायरा बढ़ने से शहर का विकास और अधिक तेज गति से होगा। जनता दरबार में भी मुख्यमंत्री के समक्ष परिषद का दायरा बढ़ाने का मामला आया था, जिस पर मुख्यमंत्री ने प्रस्ताव को शीघ्र मंजूरी दिए जाने की बात कही थी। ऐसे में परिषद का दायरा जल्द बढ़ने की उम्मीद है।
- अंशज सिंह, जिला उपायुक्त
इससे पहले वर्ष 1977 में परिषद का दायरा बढ़ा था। उसके बाद अब परिषद का दायरा बढ़ने वाला है, जिससे इस क्षेत्र का विकास होगा और नागरिकों के कार्य आसानी से हो सकेंगे।
रणसिंह यादव, चेयरमैन, नगर परिषद
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