भिवानी। भिवानी जिले की दस मंडियों में 26 मार्च से ही किसानों और सरसों की आवक बनी है। चार दिनों में जिले की दस मंडियों में 2,084 किसान 34,085 क्विंटल सरसों लेकर पहुंच चुके हैं, लेकिन हैफेड ने सिर्फ नौ हजार क्विंटल सरसों ही सरकारी खरीद की है। जिला मुख्यालय की मंडी में चौथे दिन भी सरसों की सरकारी खरीद नहीं हुई, जबकि हैफेड ने लोहारू और तोशाम सहित अन्य ग्रामीण मंडियों में ही किसानों की सरसों खरीदी है। मंडी में सरसों खुले में पड़ी है। ऐसे में बेमौसमी बारिश के कारण किसानों को उपज की सुरक्षा की चिंता भी सता रही है।
जिले की दस मंडियों में सरसों की सरकारी खरीद शुरू हो चुकी है। ग्रामीण क्षेत्र की मंडियों में किसान भी फसल के साथ पहुंच रहे हैं। कुल 2,084 किसानों के गेट पास कट चुके हैं और इनकी 34,085 क्विंटल सरसों भी मंडी पहुंच गई है। जिला मुख्यालय की मंडी को छोड़कर ग्रामीण मंडियों में पर्याप्त शेड की व्यवस्था भी नहीं है। एक अप्रैल से मंडियों में गेहूं की भी सरकारी खरीद शुरू हो जाएगी। भिवानी की चारा मंडी में सरसों की खरीद शुरू होगी।
वहीं, ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन के पदाधिकारियों का कहना है कि सरकारी खरीद शुरू होने के बावजूद हैंडलिंग एजेंट तक तैनात नहीं हो सके हैं। हालांकि शनिवार को इस मसले पर फिर से अधिकारियों से बातचीत होगी। इसमें हैंडलिंग एजेंट तय होने की उम्मीद है। चारा मंडी में सरसों की सरकारी खरीद पर भी ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन ने कड़ा एतराज जताया है।
ग्रेन मर्चेंट एसोसिएशन का कहना है कि चारा मंडी में न तो किसानों की फसल के लिए शेड बने हैं, न किसानों के लिए शौचालय और पीने के पानी की व्यवस्था। यहां चौकीदार तक नहीं है। फसल और किसानों की सुरक्षा के लिए पुलिस पीसीआर की भी कोई व्यवस्था नहीं है। हैंडलिंग एजेंट बनने के बाद किसान की मंडी में पहुंची फसल की सुरक्षा का जिम्मा भी उनके कंधों पर है। किसान की फसल की उतरवाई, झराई, भराई और ढुलाई तक की जिम्मेदारी हैंडलिंग एजेंट ही निभाते हैं।
शुक्रवार को दस मंडियों में सरसों की आवक की स्थिति
मंडी- गेट पास- सरसों आवक क्विंटल में
भिवानी- 06- 23
बवानीखेड़ा- 00- 00
चांग- 00- 00
तोशाम- 303- 4,992
सिवानी- 01- 18
लोहारू- 647- 8,580
ढिगावा- 635- 10,555
जूई- 00- 00
कैरू- 00- 00
बहल- 492- 10,017
कुल- 2,084- 34,085
भिवानी जिले की दस मंडियों में सरसों की सरकारी खरीद जारी है। जिला मुख्यालय की मंडी पर सरसों की आवक नहीं है जबकि ग्रामीण क्षेत्र की मंडियों में नौ हजार क्विंटल से अधिक सरसों की सरकारी खरीद हो चुकी है। खरीद के लिए किसी तरह की कोई दिक्कत नहीं है। सरकार की हिदायतों के अनुसार सरसों खरीद के लिए आठ फीसदी तक नमी स्वीकार्य है। जिन किसानों की फसलों में नमी अधिक है, उनसे सुखाकर फसल लाने का अनुरोध किया जा रहा है। - संदीप पूनिया, जिला प्रबंधक, हैफेड भिवानी।