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हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड : जिले में 20296 में से 12407 परीक्षार्थी सफल

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हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड। - फोटो : Bhiwani
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भिवानी। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की ओर से घोषित 10वीं के परीक्षा परिणाम में जिले के 61.13 प्रतिशत विद्यार्थियों ने सफलता हासिल की। जिले के 20296 परीक्षार्थियों में से 12407 परीक्षार्थी पास हुए। पिछले वर्ष की तुलना इस बार जिले के परिणाम में 3.8 फीसदी का सुधार हुआ है, लेकिन जिला वाइज रैंकिंग में भिवानी 12वें स्थान से फिसलकर 17वें स्थान पर पहुंच गया है। इस बार हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड की 10वीं की परीक्षा में जिले के 20296 परीक्षार्थी अपीयर हुए थे। इनमें से 12407 पास हुए और 1843 के कंपार्टमेंट आई। 6046 परीक्षार्थी फेल रहे। पिछले वर्ष भिवानी जिले का पास प्रतिशत 57.33 थी, जिसमें इस बार 3.8 फीसदी का सुधार हुआ और यह 61.13 रही। वर्ष 2018 में 53.88 फीसदी बच्चे पास हुए थे। उस समय जिलावार सूची में भिवानी आठवें पायदान पर था। जिलावार सूची में पिछड़ने के साथ ही इस बार टॉप-3 में भी भिवानी के विद्यार्थी जगह नहीं बना सके। पिछले वर्ष टॉप-10 में जिले से 10 विद्यार्थी थे।
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सोशल मीडिया पर परिणाम की सूचना के बाद ही जानने को उत्सुक दिखे बच्चे
रात साढ़े आठ बजे जैसे ही सोशल मीडिया और न्यूज चैनलों पर परिणाम घोषणा की सूचना आई। रात को घोषित परिणाम से हर कोई हैरान था। जिन परीक्षार्थियों और उनके अभिभावकों को इसका पता लगा, वे फोन में, लैपटॉप और कंप्यूटर पर बोर्ड की वेबसाइट खोल परिणाम जानने के प्रयास में जुट गए। मगर अधिकतर के हाथ निराशा लगी। देर रात तक शिक्षा बोर्ड की साइट नहीं खुल पा रही थी।
ये रहा वर्ष दर वर्ष परीक्षा परिणाम
वर्ष परिणाम लड़के लड़कियां राजकीय प्राइवेट
2013 51.20 49.48 54.06 48.20 54.25
2014 60.84 55.70 64.72 53.35 66.88
2015 47.80 43.99 50.66 43.80 51.90
2016 46.48 42.85 49.65 43.05 50.80
2017 54.07 52.23 56.08 50.65 58.15
2018 53.88 51.19 55.58 49.02 58.85
2019 57.33 --- --- --- ---
2020 61.13 --- --- --- ---
परिणाम पिछले वर्ष की तुलना बेहतर रहा। सभी पास होने वाले परीक्षार्थियों को बधाई। इस बार कोरोना वायरस के संक्रमण के चलते परीक्षाएं पूरी नहीं हो सकीं। जिसके चलते सुप्रीम कोर्ट की ओर से स्वीकृत तीन विषय, जिनमें विद्यार्थी के अच्छे अंक आए हैं, उनके औसत के आधार पर पांचवें विषय के अंक दिए गए हैं। इससे विद्यार्थियों को फायदा ही हुआ है।
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- डॉ. जगबीर सिंह, चेयरमैन हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड
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