अंबाला सिटी। जिले के राजकीय और निजी स्कूलों में दिसंबर माह के तीसरे सप्ताह को राष्ट्रीय गणित दिवस के रूप में मनाया जाएगा। स्कूलों में गणित को लेकर विभिन्न गतिविधियां आयोजित करवाई जाएंगी और गणित मेला प्रदर्शनी भी लगाई जाएगी।
यह दिवस छठी से 12वीं कक्षा तक 15 से 22 दिसंबर तक मनाया जाएगा। स्कूलों में विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से विद्यार्थियों के मन से गणित विषय का डर भी दूर किया जाएगा। इस बारे में जिला शिक्षा अधिकारी सुरेश कुमार के निर्देशानुसार जिले के सभी विद्यालयों को खंड शिक्षा अधिकारियों ने सूचित कर दिया है। यही नहीं खंड शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से राष्ट्रीय गणित दिवस मनाने की रिपोर्ट संलग्न वीडियो और फोटो भी जिला शिक्षा अधिकारी के कार्यालय में भेजने होंगे।
राज्य स्तरीय शिक्षक प्रतियोगिता भी होगी
राज्य परिषद विशेष तौर पर ऑनलाइन राज्य स्तरीय शिक्षक प्रतियोगिता भी कराएगा। इसमें राज्य के सभी स्तरों के शिक्षकों, डाइट संकाय के शिक्षकों, सभी जिला गणित विशेषज्ञ, बीआरपी, एबीआरसी, विषय के अध्यापकों के लिए चार विभिन्न श्रेणी-कॉमिक गणित कहानियां, भारतीय योगदान, गणित कार्यों, पहेलियां और गणितीय खेलों में प्रतियोगिता आयोजित की जाएगी। इस बारे सभी विद्यालयों में खंड शिक्षा अधिकारियों को सूचित कर दिया है। इस कार्यक्रम के आयोजन से शिक्षकों को अधिक बाल-केंद्रित कार्यों के बारे में सोचने में मदद मिलेगी और इसके अलावा चयनित कहानियों, खेलों, पहेलियों का एक संग्रह तैयार किया जाएगा। कार्यों को संदर्भ सामग्री के रूप में तैयार और साझा किया जाएगा। इस गणित सप्ताह के दौरान, गणित विषय को आसानी और बहुत अच्छे रोचक ढंग से सीखने के लिए, सभी गणित अध्यापक विशेष तौर पर सभी बच्चों के लिए विभिन्न प्रकार की गतिविधियां आयोजित कराएंगे।
स्कूलों में होंगी ये गतिविधियां : अरोड़ा
जिला गणित विशेषज्ञ सुशील अरोड़ा ने बताया कि राष्ट्रीय गणित दिवस पर भारतीय गणितज्ञ रामानुजन के जीवन पर आधारित फिल्म को दिखाना, गणित विषय पर विशेष तौर प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता कराना, गणित मेला लगवाना, गणित विषय पर पोस्टर मेकिंग, स्किट, अनुमान, पजल आधारित, विद्यार्थियों द्वारा विशेष तौर पर गणित विषय पर विशेष टीएलएम तैयार कराना, एरो-कार्ड, अलजेब्रा टाइल्स, टैनग्राम पजल, गणित रंगोली बनवाना, गणित दीवार कला प्रतियोगिता कराना, बैलेंस चैलेंज का पता लगाना, दूरी का अंदाजा चुनौती, आयतन व क्षेत्रफल को अच्छे से जानना, स्टार्ट व स्टॉप, घड़ी देखना इत्यादि अनेकों गतिविधियां करवाई जाएंगी। 22 दिसंबर को सभी प्रधानाचार्य अपने विद्यालय में गणित मेला लगाएंगे। जिसमें वह अपने स्तर पर गणित-प्रदर्शनी एवं गणित-स्टॉल, गणित से संबंधित विभिन्न-विभिन्न मॉडल, चार्ट इत्यादि प्रदर्शित करेंगे। मापन मेला, वजन का अंदाजा, गिनती करना, ऊंचाई का अनुमान लगाना, लंबाई और चौड़ाई का अनुमान लगाना, ठोस और तरल वस्तुओं के आयतन का अनुमान लगाना, रामानुजन नंबर, रामानुजन मैजिक स्क्वायर शामिल है।
वर्जन
सभी खंड शिक्षा अधिकारियों व विद्यालयों के प्रधानाचार्यों को निर्देश दिए हैं कि इस कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए दिसंबर माह में तीसरे सप्ताह में विशेष तौर पर राष्ट्रीय गणित सप्ताह के रूप में मनाने के लिए सभी अध्यापकों को सहयोग दें ताकि सभी विद्यार्थी इस विषय के प्रति सजग हो पाए, सोच पाए और उन के मन से गणित विषय का डर समाप्त हो। उनमें गणित विषय के प्रति विशेष रुचि पैदा हो।
सुरेश कुमार, जिला शिक्षा अधिकारी, अंबाला।