अंबाला। लावारिस बैग की सूचना पर हड़कंप मच गया। पुलिस को सूचना मिली थी कि कैंट रेलवे स्टेशन पर पार्सल ऑफिस के बाहर एक लावारिस बैग है। इसमें विस्फोटक भी हो सकता है। सूचना मिलते ही बम डिस्पोजल स्क्वैड की टीम और आरपीएफ सहित जीआरपी के साथ मौके पर पहुंच गई।
जब लावारिस बैग की जांच की गई तो इसके अंदर से फटे-पुराने कपड़े मिले जो कि मॉकड्रिल के तहत बैग में रखे थे। दरअसल, क्रिसमस और नववर्ष के लिए सुरक्षा एजेंसियों ने यह योजना तैयार की थी। इसके तहत रेलवे स्टेशन पर मॉकड्रिल की गई। इसका उद्देश्य यात्रियों में सुरक्षा की भावना को जागृत करना था और उन्हें यह बताना था कि उनकी सतर्कता से किस प्रकार एक बड़ी घटना को टाला जा सकता है। दोपहर लगभग 2.30 बजे आरंभ हुई मॉकड्रिल एक घंटे तक तीन बजे तक चली। इस दौरान बम डिस्पोजल व डॉग स्क्वैड की टीम की मदद से रेलवे परिसर, कार पार्किंग, पार्सल, प्लेटफार्म, रिटायरिंग रूम, खानपान के स्टाल का बारीकी से निरीक्षण किया।
सुरक्षा के लिए चेता चुकी एजेंसियां
अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन पर मॉकड्रिल की यह पहली कार्रवाई नहीं है। इससे पहले भी कई बार सुरक्षा टीमें औचक निरीक्षण की चुकी हैं। हालांकि सुरक्षा एजेसियां पहले भी कई बार रेलवे स्टेशन की अधूरी सुरक्षा को लेकर मंत्रणा कर चुकी हैं और इसकी विस्तृत रिपोर्ट तैयार करके उच्चाधिकारियों तक पहुंच चुकी हैं। बावजूद इसके स्टेशन पर जो सुरक्षा के प्रबंध होने चाहिए, वो नहीं हैं। सिर्फ त्योहारों व अन्य कुछ विशेष मौकों पर ही यहां सुरक्षा के चाक-चौबंद बंदोबस्त नजर आते हैं। अन्य दिनों में तो यहां डंडों के सहारे पुलिस कर्मी रेलवे परिसर और प्लेटफार्माें पर घूमते हुए नजर आते हैं।
वर्जन
नववर्ष और क्रिसमस को मद्देनजर रखते हुए मंगलवार को कैंट रेलवे स्टेशन पर मॉकड्रिल की गई। इसमें बम डिस्पोजल स्क्वैड की भी मदद ली गई। इसका उद्देश्य यात्रियों में सुरक्षा की भावना को जागृत करना था। इस दौरान उन्हें प्रेरित किया गया कि अगर वो अपने आसपास कोई संदिग्ध वस्तु या व्यक्ति को देखें तो तुरंत इसकी जानकारी नजदीकी पुलिस कर्मचारी के साथ साझा करें।
धर्मबीर सिंह, प्रभारी जीआरपी अंबाला।
अंबाला कैंट रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर एक पर खानपान स्टाल की जांच करते बम डिस्पोजल स्क्वैड