अंबाला/मुलाना। काकरकुंडा गांव में सेटेलाइट से मिली लोकेशन पर पराली जलाने का चालान करने गई टीम को किसानों ने रोक कर बिठा लिया। किसानों के अनुसार जिस लोकेशन की बात विभागीय टीम कर रही है, वहां पर पराली जलाई नहीं गई है। ना ही वहां इसके अवशेष हैं। इसलिए चालान नहीं बनता।
इस बीच किसान यूनियन सदस्य भी आ पहुंचे और किसान का समर्थन किया। मौके पर आकर कृषि विभाग एसडीओ ने किसानों को समझाया और करीब पांच घंटे बाद रात करीब नौ बजे किसानों ने कृषि विभाग की टीम को जाने दिया।
जानकारी अनुसार काकरकुंडा में किसान बलदेव सिंह निवासी गगनहेडी की जमीन पर सरकारी टीम जिसमें पटवारी विपिन, ग्राम सचिव नीरज व कृषि विभाग सुपरवाइजर विश्वजीत
सैटेलाइट से लोकेशन मिलने पर पराली जलाने का चालान काटने मंगलवार को शाम करीब चार बजे पंहुची। किसानों के अनुसार वहां पर खेत जोता हुआ पाया गया। जिसके चलते टीम को गगनहेडी में रोक लिया गया।
मौके पर सूचना पाकर भारतीय किसान यूनियन साहा खंड प्रधान गुलाब गुज्जर भी आ गए। जिन्होनें किसान का समर्थन किया। सरकारी टीम ने सूचना कृषि एसडीओ सुनील मान को दी और मौके पर बुलाया। मौके पर कलालटी चौकी पुलिस भी आ पंहुची। जब तक एसडीओ मौके पर नहीं आए तब तक किसानों ने टीम को जाने नहीं दिया। मौके पर आकर एसडीओ सुनील मान ने किसानों को समझाया। कहा िक सैटेलााइट वाली जगह को वेरिफाई करा लिया जाएगा। अगर वहां पराली जलाना पाया गया तो चालान होगा। जिसके बाद रात करीब नौ बजे किसानों ने टीम को जाने दिया।
पराली जलाने वालों पर होगी कार्रवाई : मान सिंह
कृषि विॆभाग एसडीओ मान सिंह ने बताया कि हमारी टीम को रोके जाने की सूचना पाकर मैं मौके पर गया था। किसानों को समझा दिया गया है। टीम की रिपोर्ट पर पराली जलाने वालों पर कार्रवाई होगी।
कई किसान दे रहे साथ, कुछ हिस्सों में हो रहीं घटनाएं
इस मामले में डीसी डॉ. शालीन ने बताया कि पहले की तुलना में पराली जलाने के मामलों में कमी आई है। मगर हमें देखना हाेगा कि वायु प्रदूषण हम सब के जीवन के लिए काफी नुकसानदायक है। यही कारण है कि सरकार और प्रशासन भी इन मामलों में कमी लाने का काम कर रही है। अंबाला में जहां भी सेटेलाइट का हमें डाटा मिल रहा है पहले हम सत्यापन कर रहे हैं फिर चालान कर रहे हैं।
गगनहेड़ी गांव में किसानों के साथ बैठे ग्राम सचिव व पटवारी।