विशेषज्ञों के कमरों के बाहर लगी लंबी कतारें, डाॅक्टर की सलाह- बच्चों को उबालकर ही पानी दें
संवाद न्यूज एजेंसी
अंबाला सिटी। दो दिन की छुट्टी के बाद सोमवार को शहर के नागरिक अस्पताल में ओपीडी खुलते ही मरीजों की भीड़ उमड़ पड़ी। बच्चा वार्ड, हड्डी रोग, एलर्जी, गायनी, लैब टेस्ट और ईएनटी विशेषज्ञों के कमरों के बाहर लंबी कतारें लग गईं।
बारिश के मौसम में तापमान के उतार-चढ़ाव और खान-पान में लापरवाही के कारण बीमारियां तेजी से पांव पसार रही हैं। अस्पताल के विशेषज्ञ डॉक्टरों ने मरीजों के इलाज के साथ मौसम में सेहत का ख्याल रखने की सलाह दी है।
वरिष्ठ चिकित्सक डॉ. शुभ ज्योति ने बताया कि बरसात का मौसम संक्रमण के लिहाज से बेहद संवेदनशील है। इन दिनों बच्चों में जुकाम, एलर्जी, खांसी और बुखार के मामले बढ़ रहे हैं। बच्चों को हमेशा पानी उबालकर और ठंडा करके ही पिलाएं। बाहर के खुले, बासी व स्ट्रीट फूड से पूरी तरह दूरी बनाएं। बच्चों को केवल घर का ताजा और सुपाच्य भोजन ही दें ताकि उनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता मजबूत रहे। हमारे पास आमदिनों में 50 से 60 बीमार बच्चों की ओपीडी होती है, सोमवार को ओपीडी 100 के पार चली गई।
दूषित पानी बढ़ा रहा गले व नाक का दर्द : डॉ. नेहा
ईएनटी विशेषज्ञ डॉ. नेहा के अनुसार बारिश में बाहर का दूषित पानी सीधे तौर पर गले के इंफेक्शन और नाक की समस्याओं को न्योता देता है। घर से बाहर निकलते समय अपना पानी साथ रखें। गले में तेज दर्द और संक्रमण से बचने के लिए केवल उबला या शुद्ध पानी ही पिएं। ऐसे मरीज दिखाने आ रहे हैं। उन्हें यही सलाह दी जा रही है।
आंखों को न रगड़ें, बुजुर्ग पहनें चश्मा : डॉ. सुनंदा
नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ. सुनंदा ने चेताया कि बदलते मौसम का पहला असर आंखों पर पड़ता है, जिससे एलर्जी और आई फ्लू का खतरा बढ़ जाता है। आंखों में जलन या खुजली होने पर उन्हें बिल्कुल न रगड़ें। बुजुर्ग बाहर निकलते समय धूप या सुरक्षात्मक चश्मा जरूर पहनें ताकि धूल-मिट्टी और नमी से बचाव हो सके।