अंबाला। बिजली के बिलों में बढ़ोतरी का असर घरेलू उपभोक्ताओं के अलावा दुकानदारों पर भी देखने को मिल रहा है। उन्हें अब खर्चाें में कटौती के लिए कवायद करनी पड़ रही हैं। दुकानदारों का कहना है कि पहले उनका बिजली का बिल तीन हजार से 3500 रुपये के बीच आता था। अब यह बिल पांच हजार रुपये तक पहुंच चुका है। गर्मी में पहले वो एसी चलाकर बैठते थे लेकिन अब वो गर्मी से बचने के लिए। ऐसे में खाद्य पदार्थों के रेटों में वृद्धि से भी इंकार नहीं किया जा सकता।
छोटे व्यापारियों की बढ़ी चिंता
बढ़े हुए बिजली बिलों से छोटे दुकानदारों पर सीधा असर पड़ा है। इसमें कपड़े इस्त्री करने वाले व बेकरी आदि का काम करने वाले व्यापारी शामिल हैं। इनका व्यवसाय बिजली पर ही निर्भर पड़ता है। ऐसे में बिजली का बिल अधिक होने से उन्हें उपभोक्ताओं से भी अधिक पैसे वसूलने पड़ेंगे और अगर वो ऐसा नहीं करेंगे तो इससे उनके व्यवसाय और वित्तीय स्थिति पर असर पड़ेगा। कुछ मामलों में दुकानदारों को अपने कर्मचारियों की संख्या कम करनी पड़ेगी। जबकि दूसरे विकल्प के तहत उन्हें वेतन कटौती करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा। इससे एक बार फिर बेरोजगारी बढ़ जाएगी।
बढ़ कर आया बिल
फोटोग्राफी का काम पहले ही ठंडा चल रहा है। ऐसे में बिजली का बिल बढ़ने से परेशानी बढ़ ई है। पहले 700 से 800 रुपये का बिल आता था जोकि अब 1300 रुपये आया है। बाजार में प्रतिस्पर्धा का खेल है, अगर फोटो के रेट बढ़ाएंगे तो काम प्रभावित होगा।
जसविंदर पाल सिंह, फोटोग्राफर।
एसी कम चलाएंगे
बिजली के बिलों में बढ़ोतरी से चिंता बढ़ गई है। पहले चार हजार रुपये के करीब बिल आता था जोकि अब बढ़कर 6500 रुपये तक पहुंच चुका है। ऐसे में बिजली खपत को लेकर कुछ बदलाव किए जाएंगे। एसी भी जरूरत अनुसार ही चलाया जाएगा।
सरबजीत सिंह जोहर, मोबाइल व्यापारी।