अंबाला शहर स्थित कार्यशाला परिसर में जमा बरसात का पानी । संवाद
अंबाला। छावनी बस स्टैंड परिसर में बारिश के बाद हुए जलभराव के कारण यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है, वहीं दूसरी ओर अंबाला सिटी की कार्यशाला के परिसर में भी जलभराव के कारण चालक परिचालकों को दिक्कतें झेलनी पड़ रही हैं।
पानी निकासी के प्रबंध न होने के कारण बारिश के दिनों में सबसे ज्यादा दिक्कत रहती है। बस अड्डा परिसर में जलभराव के कारण यात्रियों के कपड़े भी खराब हो जाते हैं।
अंबाला सिटी में कार्यशाला के बाहर की सड़क ऊंची है, जबकि कार्यशाला का हिस्सा नीचा है। जब भी बारिश होती है तो सड़क का पानी कार्यशाला परिसर में एकत्रित हो जाता है, जो कई दिनों तक भरा रहता है। कुछ दिन पहले रोडवेज के अधिकारियों द्वारा जलभराव की जगह पर बजरी के टुकड़े डलवाए गए थे। कुछ दिन तो ठीक रहा लेकिन बसों के आने जाने के कारण यह बजरी के टुकड़े भी दब गए और परिसर की जगह ऊंची नीची हो गई। अब दोबारा से वही हालात हो गए और बारिश का पानी फिर से जमा हो रहा है।
कार्यशाला में जगह-जगह पानी जमा होने के कारण मच्छरों के पनपने का खतरा बना रहता है, ऐसे में अगर डेंगू और चिकनगुनिया फैल गया तो इसका कौन जिम्मेदार कौन होगा। माेची मंडी निवासी सुनील कुमार ने बताया कि वह हिमाचल में सामान की सप्लाई करता है और उसका सप्ताह में दो दिन आना जाना लगा रहता है। छावनी बस अड्डे पर बारिश के दिनों में सबसे ज्यादा हालात खराब होते हैं कई बार पानी की छींटाें के कारण कपड़े खराब हो गए हैं। सराय निवासी सूरज ने बताया कि उसका पटियाला आना जाना लगा रहता है। बस अड्डे पर पानी निकासी के प्रबंध नहीं है, जिसके कारण यहां बारिश का पानी जमा हो जाता है।
अंबाला शहर स्थित कार्यशाला परिसर में जमा बरसात का पानी । संवाद