अंबाला। अंबाला में शनिवार सुबह बारिश ने एक बार फिर से सर्दी का अहसास कराने का काम किया। शुक्रवार देररात्रि से ही मौसम में परिवर्तन हो गया था, मगर बारिश सुबह हुई। इसके बाद अचानक से धूप निकल आई।
इससे लोगों ने राहत की सांस ली। मगर ठंडी तेज हवा बार-बार मौसम खराब होने का संकेत दे रही थी। इसके बाद दोपहर को अचानक आसमान पर अंधेरा छा गया और एक बार फिर से बारिश होने लगी। बताया जाता है कि कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि भी हुई है। ऐसे में बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी।
इसके साथ ही तेज हवा से भी फसल बिछने का खतरा बना हुआ दिखाई दिया। मौसम विज्ञान विभाग के आंकडों पर गौर करें तो अंबाला में बीते 24 घंटों में 24 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। इससे दिन के तापमान में काफी गिरावट दर्ज की गई है। अंबाला में दिन के समय 22.9 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया। वहीं, रात्रि तापमान 16.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
रात्रि तापमान सामान्य तापमान से 5 डिग्री सेल्सियस अधिक रहा तो दिन का तापमान 2 डिग्री सेल्सियस कम रहा। वहीं 30 किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से हवा चली। मौसम वैज्ञानिकों की मानें तो रविवार तक इस प्रकार का मौसम देखने को मिल सकता है। यह बारिश और ओलावृष्टि पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव के चलते दिखने को मिली है।
किसानों पर भारी पड़ रही बारिश,
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माई सिटी रिपोर्टर
अंबाला सिटी। शुक्रवार देररात्रि मौसम परिवर्तन होने से पंजाब की तरफ के किसानों की चिंता बढ़ गई। रात्रि में ही किसानों ने बारिश के लिए इंतजाम करने शुरू कर दिए थे। शनिवार सुबह बारिश हुई तो परेशानी बढ़ी। किसान बारिश के हालातों को अपने मोबाइल में कैद करते दिखे।
बारिश के कारण सुबह एक बार तो काफी सर्दी हो गई थी वहीं, कुछ देर बार हल्की धूप निकलने से किसानों ने राहत ली। आगामी समय में बारिश आने से किसान भीगते रहे। इसके लिए अपने टेंटों को तिरपालों से ढका गया। इसके साथ ही ट्रैक्टरों को भी तिरपाल से ढका। बारिश होने से किसानों के साथ एक नई समस्या खड़ी हुई। वे लंगर भी खुले में बनाते नजर आए।
इसके साथ शंभू बॉर्डर पर किसानों की ट्रालियां फ्लाईओवर के ऊपर खड़ी हैं। जहां से पानी चलता हुआ नीचे तक पहुंचता दिखाई दिया। वहीं किसान शुभकरण की मौत के बाद अब अंतिम अरदास के लिए किसान नेता शुभकरण के गांव में परिवार से मिलते दिखाई दिए। उन्होंने किसानों से अंतिम अरदास में पहुंचने की भी अपील की है।