अंबाला। आरपीएफ ने रेल बाबू के मंगलवार को बयान दर्ज कर लिए हैं। रेल बाबू ने लिखकर दिया है कि कट्टे से निकाले गए मखाने चोरी की नीयत से नहीं, बल्कि व्यापारी को सौंपने के लिए निकाले थे, रेल बाबू ने गलती मानते हुए इसे मानवीय भूल बताया है।
दूसरी ओर माल लेने वाले व्यापारी ने भी लिखित में दिया है कि उसका एक पार्सल फट गया था और इसमें से जो मखाने निकाले थे, उसे वो मिल गए हैं। दोनों के बयान दर्ज करने के बाद आरपीएफ ने अपनी रिपोर्ट करके उच्चाधिकारियों को सौंप दी है। इस दौरान अंबाला मंडल द्वारा गठित टीम ने पार्सल कार्यालय का निरीक्षण किया और संबंधित कर्मचारी के बयान दर्ज किए जोकि अब विस्तृत रिपोर्ट के साथ वरिष्ठ वाणिज्य प्रबंधक फ्रेट के समक्ष पेश की जाएगी।
दरअसल सोमवार सुबह लगभग 10 बजे प्लेटफार्म 2 पर पड़े सामान की जांच के लिए पहुंचे रेल बाबू ने प्लास्टिक के कट्टे को फटा हुआ पाया। इसमें मखाने थे। रेल बाबू ने पहले कट्टे का हाथ से बंद करने की कोशिश की, जब वो इसमें कामयाब नहीं हुआ तो जो मखाने जमीन पर गिरने वाले थे, उनका अपनी जेब में डाल दिया। इसके बाद रेल बाबू ने तुरंत मामले की जानकारी मुख्य पार्सल अधिकारी को दी। फिर व्यापारी से संपर्क करके पूरी जानकारी दी गई। लेकिन इन सबके बीच अमरजीत आर्य नामक व्यक्ति ने इस कार्रवाई को अपने मोबाइल में कैद कर लिया और बिना समय गंवाए इसे तुरंत अंबाला मंडल के डीआरएम सहित रेलवे को ट्विट कर दिया और पोस्ट के दौरान यह लिख दिया कि रेल कर्मी पार्सल से मखानों की चोरी कर रहा है। मामला जैसे ही विभागीय अधिकारियों तक पहुंचा तो उन्होंने टीम का गठन करके जांच के निर्देश दे दिए। इस दौरान कंट्रोल से संदेश मिलने के बार आरपीएफ ने भी कार्रवाई शुरु कर दी।