अंबाला सिटी। उपायुक्त प्रभजोत सिंह ने कहा कि बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान को सफल बनाने में स्वास्थ्य, शिक्षा, महिला एवं बाल विकास विभाग आदि मिलकर एक टीम की तरह कार्य करें। उन्होंने कहा कि नागरिक अस्पताल में एक्यूट ब्लीडिंग से संबंधित गर्भवती महिलाओं के जो केस आते हैं उनकी प्रोपर डाक्यूमेंटेशन और उनकी पुलिस जांच भी करवाई जाए ताकि भ्रूणहत्या न होने पाए। उपायुक्त वीरवार को अपने कार्यालय में बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत आयोजित डी-ब्रीफिंग बैठक में अधिकारियों को दिशा-निर्देश दे रहे थे।
इस बैठक में सीएम सेल की तरफ से पीजीआई रोहतक की डॉ. सुनीधी करोला ने जिला अंबाला के नागरिक अस्पताल अंबाला शहर, अंबाला छावनी, नारायणगढ़, सीएचसी शहजादपुर, पीएचसी कुराली, पीएचसी पतरेहड़ी, पीएचसी साहा, सीएचसी मुलाना, सीएचसी चौड़मस्तपुर, पीएचसी नग्गल तथा पीएचसी नूरपुर की विजिट के उपरांत तैयार की गई रिपोर्ट को प्रोजेक्टर के माध्यम से प्रेजेंटेशन दी गई।
प्रेजेंटेशन के द्वारा अस्पतालों में उपलब्ध सुविधाओं एवं कर्मियों की जानकारी दी गई। उपायुक्त ने प्रेजेंटेशन को देखकर सीएचसी चौड़मस्तपुर के खस्ताहाल भवन को जल्द किसी अन्य भवन में बदलने के निर्देश स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को दिए। उन्होंने कहा कि डीडीपीओ से बातचीत कर सीएमओ सीएचसी चौड़मस्तपुर के भवन को किसी चौपाल या किसी अन्य भवन में स्थानांतरित करें।
उन्होंने कहा कि बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत मेधावी छात्राओं को अपने जीवन के लक्ष्य निर्धारित करने के लिए उचित मार्गदर्शन हेतु माई टारगेट माई ऐम नामक एक नया कार्यक्रम आरंभ किया गया है जिसके अंतर्गत 1236 फार्म आ चुके हैं और 1400 के लगभग आने की उम्मीद है।
इस अवसर पर अतिरिक्त उपायुक्त आरके सिंह, महिला एवं बाल विभाग की जिला कार्यक्रम अधिकारी राजबाला कटारिया, जिला शिक्षा अधिकारी उमा शर्मा, सीडीपीओ सीमा, मनीषा गागट, मीक्षा रंगा आदि मौजूद रहे।