अंबाला सिटी। लोगों में दिल की बीमारियां लगातार बढ़ रही हैं। जब तक लोगों को बीमारियों का पता चलता है तब तक वह काफी स्तर तक प्रभावित हो चुके होते हैं। यहां तक कि लोगों को हार्ट अटैक भी आ चुका होता है। मगर स्वास्थ्य विभाग ने हाल ही में पोर्टेबल ईसीजी मशीन से लोगों को जांच करना शुरू किया है जिसमें उन्हें दिल की बीमारियां निकल रही हैं।
ऐसा ही एक मामला बराड़ा में देखने को मिला। यहां विकसित भारत सकंल्प यात्रा के तहत स्वास्थ्य विभाग की ओर से लोगों के स्वास्थ्य का परीक्षण किया गया। यह परीक्षण पहली बार गांव स्तर पर किसी शिविर में किया गया। इसमें 350 लोगों के स्वास्थ्य का परीक्षण किया गया जिसमें 44 लोगों को दिल की बीमारी निकली। इसके बाद उनका चिकित्सकों ने उपचार किया। यह ग्रामीण क्षेत्र के वह लोग थे जिन्हें कभी दिल की कोई बीमारी का आभास ही नहीं था। ऐसे में अब समय से उपचार शुरू होने से उन्हें बीमारी को काबू पाने में कुछ मदद मिल सकेगी।
संकल्प यात्रा में यह भी मरीज देखने
विकसित भारत संकल्प यात्रा में ग्रामीण क्षेत्र में 47188 लोगों की टीबी की जांच की गई, शुगर के लिए 4572 लोगों को जांचा। इसके साथ ही 10982 लोगों के आयुष्मान कार्ड बनाए गए वहीं 10471 लोगों को आयुष्मान कार्ड वितरित किए गए।
महिलाओं को बांटी पोषण किटें
इसके साथ ही महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा गर्भवतियों को ग्राम पंचायतों की ओर से पोषण किटें दी जा रही हैं। जिसमें फल व स्थानीय सब्जियां महिलाओं को बांटी जाती है। इस अभियान में अब तक 750 से अधिक महिलाओं को ग्रामीण क्षेत्रों में पोषण किटे बांटी जा चुकी हैं। अब विकसित भारत संकल्प यात्रा के तहत यह कार्य शहरी क्षेत्रों में भी शुरू हो गया।
वर्जन
बराड़ा में पहली बार ईसीजी मशीन से ग्रामीणों के दिल का हाल जाना था। जिससे 44 दिल की बीमारी से ग्रसित लोग मिले। अब उनका समय से उपचार किया जा रहा है।
-डॉ सुखप्रीत सिंह, नोडल अधिकारी, स्वास्थ्य विभाग