कस्बा की रेलवे कालोनी के दर्जनों लोगों लोगों ने वीरवार को खनन माफिया के खिलाफ न केवल जमकर रोष प्रर्दशन किया है, वहीं स्थानीय पुलिस के रवैये पर भी सवाल उठाए है।
यहां के लोगों का कहना है कि एक तरफ तो पुलिस खनन माफिया के खिलाफ सख्त रूख दिखाने का नाटक करती है वहीं दूसरी तरफ आड़ में खनन का कार्य करने वालों को आश्रय भी प्रदान कर रही है।
वहीं उन लोगों का रेलवे ओवरब्रिज के नीचे खुले में पड़े रेत की वजह से जीना मुहाल हो रहा है। कालोनीवासी राजकुमार राजू, लक्ष्मण प्रसाद, टिंकू, मोती लाल, राम सिंह, सिंघराम, हीरा देवी, कमला आदि का कहना है कि सारी सारी रात आने जाने वाली रेत की गाड़ियों ने पूरी सड़क तोड़ डाली है
वहीं रेलवे ओवरब्रिज के नीचे गड्ढे बन चुके है। कई दफा यह डंपर कालोनी की बिजली की तारें तोड़ देते है जिससे सारी रात बिजली बाधित हो जाती है।
सबसे बड़ी समस्या उन लोगों को यह है कि जैसे ही थोड़ी सी हवा चलती है तो उनके घरों में रेत फैल जाता है ऐसे में उनका जीना दूभर हो गया है। कालोनीवासियों का आरोप है कि कई दफा यहां से पुलिस की पीसीआर गाड़ी भी घूमती है मगर इसके बावजूद कार्रवाई नही होती।
लोगों ने पुलिस उच्च अधिकारियों से खनन माफिया के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है वहीं लोगों का कहना है कि रेत बजरी ढेर खुले में न लगाए जाएं। एसीपी अनिल कुमार वे थाना प्रभारी को खनन सामग्री डालने वालों के खिलाफ कार्रवाई का आदेश दिया है।