शहजादपुर। भाकियू शहीद भगत सिंह व संयुक्त गन्ना किसान समिति के बैनर तले एसकेएम के आह्वान पर गन्ने की बकाया 59 करोड़ रुपये की पेमेंट को लेकर स्थानीय शुगरमिल पर किसानों की पंचायत हुई। सैकड़ों की संख्या में पहुंचे किसानों ने उपायुक्त या किसी अन्य शीर्ष अधिकारी को मौके पर बुलाने की मांग की। जब छह घंटे तक कोई अधिकारी नहीं पहुंचा तो किसान भड़क गए। गुस्साए किसानों ने राजमार्ग 72 शहजादपुर-नारायणगढ़ जाम कर दिया। इस दौरान किसान नेताओं ने जमकर नारेबाजी और पुतला फूंका। मौके पर मौजूद प्रशासनिक अधिकारियों ने किसानों से बात करने की कोशिश की।
उन्होंने कहा कि उपायुक्त छुट्टी पर हैं, एडीसी को बुला बात करवा देते हैं, परंतु किसान एक ही बात पर अडिग रहे कि उपायुक्त अंबाला को बुलाया जाए। किसानों ने कहा कि अगर पांच सितंबर तक प्रशासन गन्ने की पेमेंट नही दिलवाता या फिर कोई ठोस बात नहीं करवाता तो उपायुक्त के कार्यालय का घेराव किया जाएगा।
गन्ना उत्पादक किसानों का कहना है कि नारायणगढ़ शुगर मिल लिमिटेड बनौंदी की तरफ किसानों के पेराई सत्र 2021-22 के लगभग 59 करोड़ रुपये बकाया हैं। इसके लिए किसानों ने मिल गेट, लघु सचिवालय के समक्ष अनिश्चितकाल धरने भी दिए। यही नहीं किसानों ने गन्ना आयुक्त हरियाणा के कार्यालय पर भी धरना प्रदर्शन किया, लेकिन किसी ने नहीं सुनी। पंचायत में जुटे किसान नेताओं सुरेश कौथ, डॉ. दर्शन सिंह आदि का कहना है कि प्रदेश में किसानों के समक्ष जुमला मुश्तरका मालकान की जमीनों, एमएसपी गारंटी कानून, बीमारी के कारण धान की खराब फसल जैसे कई समस्याएं हैं।